स्थानीय कोतवाली क्षेत्र के हनुमानगंज गांव के दलितों ने मारपीट के मामले में एफआईआर दर्ज न होने पर रविवार को दलितों ने कोतवाली का घेराव किया। साथ ही 25 मार्च को कोटिया गांव के कुछ लोगों की ओर से महिलाओं से छेड़खानी और मारपीट करने का आरोप लगाते हुए केस दर्ज करने की मांग की। कोतवाली पुलिस ने छह लोगों के खिलाफ एससीएसटी के तहत मुकदमा पंजीकृत किया। इसके बाद घेराव खत्म हुआ।
दलितों ने कोतवाली में दी गई तहरीर में कहा है कि 25 मार्च को नंदलाल राम के विवाह के बाद भोज एवं संगीत का कार्यक्रम आयोजित था। इसमें कोटियां गांव के कुछ लोगों ने घर में घुसकर औरतों के साथ छेड़खानी की। विरोध करने पर मारपीट कर घायल कर दिया। घायल दुल्हा नंदलाल, मलारी एवं दुलार का इलाज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मुहम्मदाबाद में कराया गया। तहरीर देने वाले नंदलाल एवं मलारी देवी ने कहा कि आरोपी आए दिन छेड़खानी और मारपीट करते हैं। मामले में केस दर्ज कराने के लिए दलितों ने रविवार को कोतवाली का घेराव किया। इस दौरान महिलाओं ने कार्रवाई न होने पर जहरखाने की धमकी दी जिससे पुलिस परेशान हो गई। बाद में पुलिस ने नामजद 12 लोगों में से चार को गिरफ्तार कर कोतवाली लाई और छह लोगों के खिलाफ एसएटी के साथ अन्य धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया।