मृत आरपीएफ के जवानों की फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
19 अगस्त की रात में आरपीएफ के दो सिपाहियों जावेद खान और प्रमोद की खौफनाक तरीके से हत्या कर दी गई थी। दोनों बाड़मेर-गुवाहाटी एक्सप्रेस ट्रेन में शराब तस्करी को रोकने का प्रयास कर रहे थे। इस पर अंतरराज्यीय शराब तस्कर गिरोह के बदमाशों ने दोनों सिपाहियों को वीभत्स तरीके से मारपीट कर चलती ट्रेन से नीचे फेंक दिया था। इसके चलते दोनों आरक्षियों की मौत हो गई थी।
इस मामले में कुल 13 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था, जिसमें आठ नामजद शामिल हैं। वहीं, मुख्य आरोपी मोहम्मद जाहिद वांछित चल रहा था, जिसपर एक लाख रुपये का इनाम घोषित था। पुलिस ने इस मामले में 6 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
बीती रात मुख्य आरोपी मोहम्मद जाहिद और उसका एक और साथी के बारे में यूपी एसटीएफ की नोएडा यूनिट, जीआरपी दिलदारनगर और गाजीपुर पुलिस की संयुक्त टीम को जानकारी हुई, जो गोपालपुर थाना दिलदारनगर में गिरफ्तार करने की कोशिश किए तो बदमाशों से मुठभेड़ हो गई।
घटना की जानकारी देती पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
मोहम्मद जाहिद ने पुलिस टीम पर जान से मारने की नियत से फायर किया। वहीं, जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी फायर किया, जिसमें वो गंभीर रूप से घायल हुआ। उपचार के लिए सीएचसी भदौरा भेजा गया। इसके बाद जिला अस्पताल रेफर किया गया। जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। वहीं, मुठभेड़ के दौरान एक अन्य अज्ञात बदमाश अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से भाग गया।
मृत बदमाश पर अपहरण, मारपीट और शराब तस्करी के कई केस दर्ज हैं। उधर, पूरे घटनाक्रम के दौरान दो पुलिस मुख्य आरक्षी भी गोली लगने से घायल हुए हैं। एसपी डॉ. ईरज राजा ने बताया कि मुठभेड़ में दो पुलिसकर्मियों को भी गोली लगी है, जिनका उपचार सीएचसी सेवराई में चल रहा है। जहां से बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल ले आया जा रहा है।
वहीं मुठभेड़ में ढेर हुआ बदमाश आरपीएफ जवानों की हत्या का मुख्य आरोपी था, जिसपर एक लाख रुपये का इनाम घोषित किया गया था। वह बिहार शराब तस्करी के लिए आया था। उसके पास से अवैध असलहा भी बरामद हुआ है। बदमाश के छाती में गोली लगी, जिससे उसकी मौत हुई।