कटरियां गांव में मौजूद पुलिसबल। संवाद
गाजीपुर। करंडा थाना क्षेत्र के कटरिया गांव में किशोरी की मौत के मामले में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर भ्रामक और तथ्यहीन टिप्पणियां करने पर पुलिस ने कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के मीडिया सेल के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस अधीक्षक डॉ. ईरज राजा के अनुसार, बीते 15 अप्रैल को जमानियां क्षेत्र के धरम्मरपुर पुल के पास एक किशोरी की चप्पल, मोबाइल और गमछा बरामद हुआ था। बाद में युवती का शव नदी में मिला। परिजनों की सूचना पर शव का पोस्टमार्टम कराया गया। 19 अप्रैल को मृतका के पिता सियाराम की तहरीर पर करंडा थाने में हत्या की प्राथमिकी दर्ज की गई थी।
मामले की जांच के दौरान पुलिस ने मुख्य आरोपी हरिओम पांडेय निवासी कटरिया को बड़सरा बाईपास, आरीपुर पहाड़पुर के पास से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। एसपी ने बताया कि इसी बीच कांग्रेस और समाजवादी पार्टी मीडिया सेल ने अपने-अपने एक्स अकाउंट से इस घटना को लेकर भ्रामक और गलत टिप्पणियां पोस्ट कीं, जिससे गांव में तनाव का माहौल उत्पन्न हो गया। एसपी ने बताया कि करंडा पुलिस ने कांग्रेस और सपा मीडिया सेल के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज किया है। अफवाह फैलाने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
कांग्रेस जिलाध्यक्ष नजरबंद
मरदह। कटरिया में हुए निशा विश्वकर्मा की मौत के मामले में शोक संवेदना व्यक्त करने जा रहे कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल को प्रशासन ने रोक दिया। आरोप है कि कार्यक्रम से पहले ही रविवार की मध्यरात्रि में कांग्रेस जिलाध्यक्ष सुनील राम को उनके पैतृक आवास, टिसौरी गांव (थाना मरदह) में नजरबंद कर लिया गया। सोमवार को उन्हें घर से बाहर नहीं निकलने दिया गया। जिलाध्यक्ष सुनील राम ने बताया कि 27 अप्रैल को कांग्रेस पार्टी का प्रतिनिधिमंडल कटरिया जाने वाला था, जिसमें पिछड़ा वर्ग के राष्ट्रीय अध्यक्ष अनिल जयहिंद, राजेंद्र पाल गौतम समेत कई वरिष्ठ नेताओं का कार्यक्रम प्रस्तावित था। उनका आरोप है कि सरकार के इशारे पर प्रशासन ने उन्हें पहले ही हाउस अरेस्ट कर दिया। बताया गया कि जिलाध्यक्ष सुनील राम के अलावा शहर अध्यक्ष संदीप विश्वकर्मा, जनक कुशवाहा और शंभू कुशवाहा को भी नजरबंद किया गया। कांग्रेस नेताओं ने इस कार्रवाई को अलोकतांत्रिक बताया है। संवाद
कटरियां गांव में मौजूद पुलिसबल। संवाद