गाजीपुर। जनपद में गर्मी का कहर शुरू हो गया है। अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच चुका है। प्रचंड गर्मी से राहत पाने के लिए घरों व प्रतिष्ठानों में एसी, कूलर, पंखों का इस्तेमाल हो रहा है। ओवरहीट होकर प्रतिदिन 12 से 15 ट्रांसफाॅर्मर फूंक रहे हैं। गर्मी के बीच बिजली कटौती लोगों के लिए सिरदर्द बन चुकी है। 24 घंटे में 10 बार बिजली ट्रिप हो जा रही है।
गर्मी शुरू होते ही जनपद में बिजली आपूर्ति व्यवस्था बेपटरी होने लगी है। सड़कों पर लोग धूप झेल रहे हैं। घर, ऑफिस व प्रतिष्ठानों के अंदर आने पर बत्ती गुल होने पर लोगों को परेशानी हो रही है। नगर के नखास, झडांतर, टाउनहाॅल, मछली बाजार, खोदाईपुरा, चीतनाथ आदि मोहल्लों में 18 अप्रैल की रात करीब सवा 10 बजे बत्ती गुल हो गई। इसके कारण लोगों को गर्मी में परेशानी का सामना करना पड़ा। करीब 22 मिनट बाद बिजली आपूर्ति बहाल हुई, तब जाकर लोगों ने राहत की सांस ली।
इसी तरह रविवार को शहर के बड़ीबाग, तड़बनवा, रौजा आदि क्षेत्रों में 25 मिनट तक बिजली कटौती रही। उपभोक्ता प्रियांशु, शेखर आजाद, नवीन पांडेय आदि ने बताया कि एक बार बिजली कट रही है तो 20 से 25 मिनट बाद ही आपूर्ति बहाल हो पा रही है। दिन भर में आठ से 10 बार बिजली कटौती की जा रही है। बिजली कटौती से काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। सबसे अधिक दिक्कत घरों में रहने वाली महिलाओं व बच्चों को हो रही है। साथ ही व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के कामकाज भी प्रभावित हो रहे हैं। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में स्थिति बदतर है। प्रतिदिन तीन से चार घंटे बिजली कटौती की जा रही है। इससे ग्रामीणों को दुश्वारियों का सामना करना पड़ रहा है।
दावा : स्टॉक में हैं 70 ट्रांसफॉर्मर
गाजीपुर। रौजा स्थित वर्कशाप के जेई जितेंद्र ने बताया कि प्रतिदिन 12 से 15 ट्रांसफाॅर्मर जल रहे हैं। हालांकि उपभोक्ताओं को कोई परेशानी न हो, इसके लिए पूरी तैयारी की गई है। वर्कशाप के स्टॉक में 70 ट्रांसफाॅर्मर रिजर्व रखे गए हैं। जहां भी ट्रांसफाॅर्मर जल रहे हैं, निर्धारित समयावधि में बदल दिया जा रहा है।
दोगुनी से अधिक हुई बिजली की खपत
गाजीपुर। प्रचंड गर्मी से राहत पाने के लिए लोग एसी, कूलर व पंखे का इस्तेमाल कर रहे हैं। साथ ही गैस की किल्लत के बीच इंडक्शन का भी इस्तेमाल किया जा रहा है। इससे बिजली की खपत बढ़ गई है। सामान्य दिनों की अपेक्षा दोगुनी से अधिक बिजली की खपत हो रही है। सामान्य दिनों में प्रतिदिन औसतन 140 मेगावाट बिजली की खपत होती है। वर्तमान में 320 मेगावाट बिजली की खपत प्रतिदिन हो रही है।
निर्देशों का पालन केवल कागजों पर
गाजीपुर। प्रदेश सरकार का निर्देश है कि जिला मुख्यालय पर 24 घंटे बिजली आपूर्ति की जाए। तहसील मुख्यालय पर 22 घंटे व गांवों में 18 से 20 घंटे बिजली आपूर्ति का निर्देश है। लेकिन, निर्देश का पालन केवल कागज पर हो रहा है। धरातल पर निर्देश दम तोड़ता हुआ नजर आ रहा है। जिला मुख्यालय पर 22, तहसील मुख्यालय पर 14 तो गांवों में 10 घंटे बिजली आपूर्ति हो रही है।
सामान्य दिनों की अपेक्षा बिजली की खपत बढ़ गई है। एसी, कूलर, पंखे के साथ ही लोग इंडक्शन का भी इस्तेमाल कर रहे हैं। जहां भी फाॅल्ट हो रहा है, उसको तुरंत दुरुस्त कर दिया जा रहा है। - मुन्नीलाल, नगर एसडीओ
निर्धारित रोस्टर के तहत बिजली आपूर्ति होनी चाहिए। इससे लोगों को सहूलियत मिलेगी। - राजेश केशरी, कर अधिवक्ता, बंशीबाजार
लोकल फाॅल्ट के नाम पर मनमाने तरीके से बिजली कटौती की जा रही है। - रामसेवक यादव
बिजली कटौती होने से दिनचर्या अस्त-व्यस्त हो जा रही है। इस पर ध्यान देने की आवश्यकता है। - आनंद मौर्य, धनाढ़ी
गर्मी के मौसम में बिजली गुल होने से महिलाओं, बच्चों को अधिक परेशानी होती है। - अजमल खान, गोड़सरा