गाजीपुर। जिले की बिजली आपूर्ति सुधरेगी। बिजली निगम की ओर से आगामी वित्तीय 2025-26 के लिए बिजनेस प्लान तैयार किया गया है, जिसके तहत 30 करोड़ रुपये का प्रस्ताव भेजा गया है।
बिजनेस प्लान के तहत ट्रांसफाॅर्मरों की क्षमता वृद्धि, ओवरलोड फीडरों का लोड घटाना, जर्जर तार बदलना, सुरक्षा कार्य, नीचे लटके तारों को ऊंचा करना, कंट्रोल पैनल में बदलाव, पावर हाउसों में पावर ट्रांसफाॅर्मर लगाने का कार्य किया जाएगा।
विभागीय अधिकारियों के मुताबिक जिले में जहां भी ट्रांसफाॅर्मरों पर लोड अधिक है, उनको चिन्हित करके आवश्यकतानुसार 33, 50, 80, 100, 125, 160, 200, 250 केवी के ट्रांसफाॅर्मर लगाए जाएंगे। साथ ही नया पावर हाउस भी बनाया जाएगा। इससे बिजली निगम के चारों खंडों में बिजली आपूर्ति व्यवस्था में सुधार होगा।
इससे जिले के 5.20 लाख उपभोक्ताओं को काफी सहूलियत मिलेगी। बिजली निगम के अधीक्षण अभियंता प्रवीण कुमार ने बताया कि बिजनेस प्लान के तहत प्रस्ताव भेजा गया है।
एकमुश्त समाधान योजना (ओटीएस) बीते 15 दिसंबर से जिले में चल रहा है। 25 दिसंबर तक बिजली निगम की ओर से बकायेदारों से 11 करोड़ रुपये की वसूली की गई है। जिले में 3.62 लाख बकायेदारों पर 591 करोड़ रुपये बकाया है।
इसमें कभी बिल जमा नहीं करने वालों से भी 2.5 करोड़ रुपये की वसूली की गई है।
गांवों में रोस्टर के तहत नहीं मिल रही बिजली : ग्रामीण क्षेत्रों में निर्धारित रोस्टर के तहत 18 घंटे बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने का निर्देश है, लेकिन जमीनी स्थिति ऐसी नहीं है। कुछ ग्रामीण इलाकों में रोस्टर का पालन किया जा रहा है, लेकिन कुछ जगहों पर नहीं।
विशेष रूप से भदौरा क्षेत्र में सेवराई, गोड़सरा, मनिया, मिश्रवलिया, चित्र का डेरा, बकसड़ा आदि गांवों में 14 से 15 घंटे ही बिजली आपूर्ति हो रही है।