गाजीपुर। जिले के परिषदीय विद्यालयों में निपुण भारत मिशन के लक्ष्यों को हासिल करने के लिए बेसिक शिक्षा विभाग आम जन की भागीदारी बढ़ाने की दिशा में कदम उठा रहा है। इसी क्रम में 27 जनवरी से शुरु होने वाले निपुण एसेसमेंट से पहले 24 जनवरी को जिले की सभी न्याय पंचायतों में शिक्षा चौपाल का आयोजन किया जाएगा।
इस पहल का उद्देश्य अभिभावकों, विद्यालय प्रबंध समितियों (एसएमसी), शिक्षकों और स्थानीय समुदाय को निपुण भारत मिशन के उद्देश्यों से जोड़ना है, ताकि बच्चों की बुनियादी भाषा और गणितीय दक्षताओं को सुदृढ़ किया जा सके। विभाग का मानना है कि इससे आगामी मूल्यांकन में बेहतर परिणाम प्राप्त होंगे।शिक्षा चौपाल के माध्यम से बाल वाटिका के प्रभावी संचालन, बच्चों के नामांकन और नियमित उपस्थिति के साथ-साथ शिक्षा के दीर्घकालिक महत्व पर विशेष जोर दिया जाएगा।
इस अवसर पर विद्यालयों को उपलब्ध कराई गई शिक्षण सामग्री, प्रिंट-रिच सामग्री, गणित किट, पुस्तकालय, खेल सामग्री तथा डिजिटल संसाधनों जैसे स्मार्ट क्लास, आईसीटी लैब और टीचर्स एप की जानकारी भी साझा की जाएगी। शिक्षा चौपाल के दौरान उत्कृष्ट कार्य करने वाले शिक्षकों, नामांकन एवं उपस्थिति में उल्लेखनीय सुधार करने वाले विद्यालयों तथा मेधावी बच्चों को सम्मानित किया जाएगा।
शिक्षा चौपाल के आयोजन के लिए जिले के 194 न्याय पंचायतों के लिए दस हजार रुपये प्रति न्याय पंचायत की दर से 19 लाख 40 हजार की धनराशि स्वीकृत की गई है। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी उपासना रानी वर्मा ने कहा कि चौपाल में शिक्षक, अभिभावक और समुदाय एक साथ बैठकर बच्चों की सीखने की प्रक्रिया को समझेंगे। इससे शैक्षिक गुणवत्ता में सुधार होगा और निपुण भारत मिशन के लक्ष्यों को गति मिलेगी।