प्रगतिशील मानव समाज पार्टी का प्रतिनिधिमंडल शुक्रवार को प्रभारी जिलाधिकारी से मिला। इस दौरान बीडीओ करंडा पर गंभीर आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ कार्रवाई करने और शौचालय के निर्माण में घटिया सामग्री के इस्तेमाल की जांच कराने की मांग की।
प्रमासपा के वरिष्ठ नेता अरुण सिंह ने प्रभारी जिलाधिकारी को बताया कि करंडा में आवास के नाम पर आम लोगों का उत्पीड़न किया जा रहा है। शौचालय निर्माण में घटिया ईटें और जुड़ाई में मानक के अनुरूप सीमेंट नहीं लगाया जा रहा है। दीनापुर के सुदामा बिंद, रामा बिंद, सुशीला बिंद आदि ग्रामीणों ने इसकी जांच कर कार्रवाई करने की मांग की। यह भी बताया गया कि करंडा के पुरैना बयेपुर में कटान से गंगा किनारे बसे लोगों का मकान ध्वस्त होने के तीन साल बाद भी उन्हें आवास नहीं दिया गया। ग्राम प्रधान पतिराम ने पीड़ितों को आवास देने की मांग की।
सैदपुर के मलिकशाहपुर में गिरिजाशंकर यादव की आबादी की जमीन पर विपक्षी को काबिज कराने पर नाराजगी जताई गई। अरुण सिंह ने कहा कि इस मामले में कार्रवाई नहीं की गई तो सात जुलाई को धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। इस दौरान प्रभारी जिलाधिकारी मुरलीधर मिश्र ने मामलों की जांच कराकर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। प्रमासपा नेता के साथ सत्येंद्र सिंह, पतिराम, अभिनव राजभर, अक्षैवर यादव, शशिकांत यादव, शिवधन चौहान, दधिबल बिंद, रामशबद सिंह आदि मौजूद थे।