सबमर्सिबल पंप चोरी करने के संदेह में एक ईंट भट्ठा संचालक पंकज राय ने अपने साथियों के साथ मिलकर मंगलवार को असावर गांव के बबलू राय, दुबिहां के सुरेश गुप्ता और करीमुद्दीनपुर केभठवां गांव के राजेश राजभर को उठा लिया। पूछताछ के दौरान उसने बबलू राय, सुरेश गुप्ता की गोली मारकर हत्या कर दी। इनमें से एक की लाश गहमर थाने के भटपुरवा और दूसरे को रेवतीपुर थाने के पकड़ी मोड़ के पास फेंक दी। जबकि राजेश रास्ते में ही स्कार्पियो का गेेट खोलकर कर्मनाशा नदी में कूद गया। उसकी सूचना पर पुलिस ने ईंट भट्ठा संचालक सहित तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। तीनों युवकों के परिवार वालों ने करीमुद्दीनपुर थाने में उनके अपहरण की तहरीर दी थी।
करीमुद्दीनपुर थाना क्षेत्र के ग्राम भठवां निवासी राजेश राजभर पुत्र रामअवतार राजभर ने पुलिस को बताया कि मंगलवार की दोपहर करीब एक बजे वह बगल के गांव असावर में सचिदानंद राय उर्फ बबलू राय की आटा चक्की पर गेहूं पिसवाने के लिए गया था। वहां बबलू राय और क्षेत्र के दुबिहां निवासी सुरेश गुप्ता मौजूद थे। अभी हम गेहूं तौलवा ही रहे थे कि एक काले रंग की स्कार्पियो वहां रूकी। गाड़ी में हरदासपुर निवासी ईंट भट्ठा संचालक पंकज राय तथा उनके साथ के लोग राइफल और पिस्टल लेकर अंदर से आए और हम तीनों को असलहे के बल पर जबरदस्ती गाड़ी में बैठकर ले जाने लगे। रास्ते भर हम लोगों को पिस्टल एंव राइफल के कुंदे पीटते रहे। वह किसी समरर्सिबल पंपा के बारे में पूछ रहे थे। बाद में नशे में ्धुत पंकज राय ने भरौली के आसपास पहुंचते ही सुरेश गुप्ता (40) को गोली मार दी।
भरौली गंगा पुल पर ही सुरेश को फेंकने की तैयारी थी, लेकिन पुल पर लोगों के आवागमन के चलते वे आगे बढ़ गए। जब उनकी गाड़ी कर्मनाशा पुल पर पहुंची तो पंकज राय ने बबलू राय (30) की भी कनपटी पर पिस्टल सटाकर गोली मार दी और लाश को कर्मनाशा पुल से फेंकने के लिए उतारने लगे। तभी मैं गाड़ी का गेट खोल पुल से ही नदी में कूद गया और किसी तरह से तैरते हुए नंगे बदन किनारे पहुंचा। वहां मौजूद कुछ लोगों ने मेरी मदद कर मुझे बाहर निकाला और एक ट्रक ड्राइवर ने पहनने के लिए एक गमछा दिया और लोगों की मदद से कुतुबपुर गांव में पहुंचाया गया। बाद में लोगों की सूचना पर पुलिस उसे कुतुबपुर से अपने साथ ले आई। बाद में राजेश ने बबलू राय के शव की फोटो देखकर उसकी पहचान की।