बिरनो। थाना क्षेत्र के जरगो गांव में हुए विकास कार्यों की जांच कर रही टीम के सामने ही शिकायतकर्ताओं ने महिला ग्राम प्रधान सहित दो को पीटकर घायल कर दिया। पीड़ित महिला ग्राम प्रधान ने पुलिस को तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है। जबकि जांच टीम ने सुरक्षा के दृष्टिकोण से पुलिस की तैनाती के लिए पत्र भी थाने पर भेजा था, बावजूद वहां किसी की तैनाती नहीं थी।
जरगो गांव की ग्राम प्रधान रंजू देवी द्वारा ग्राम पंचायत में कराए गए कार्यों को लेकर शिकायतकर्ता ग्रामीण दीनदयाल कुशवाहा, बृजेश कुशवाहा, और लक्ष्मण यादव के द्वारा शिकायत किया गया था। इस पर उच्चाधिकारियों जांच के लिए सीवीओ मनोज अवस्थी के नेतृत्व में टीम गठित कर जांच का निर्देश दिया था। आरोप है कि टीम द्वारा जांच के दौरान बीच में ही शिकायतकर्ताओं ने साजिश के तहत जांच को प्रभावित करने की नियत से कहासुनी शुरू कर दी। यहीं नहीं महिला ग्राम प्रधान रंजू देवी, उनके पति रामाश्रय गुप्ता और गांव की ही एक अन्य महिला को मारपीट कर घायल कर दिया। घटना की जानकारी मिलते ही ग्रामीण आक्रोशित हो गए और सैंकड़ों की संख्या में एकजुट होकर थाने पर पहुंचकर कार्रवाई की मांग करने लगे। इस संबंध में मुख्य पशु चिकित्साधिकारी मनोज अवस्थी ने बताया कि जैसे ही टीम नाली खडंजा, शौचालय के कार्यों की जांच कर रही थी, शिकायतकर्ताओं के द्वारा बीच-बीच में दखल देना शुरू कर दिया। जबकि सुरक्षा की दृष्टि से स्थानीय थाने पर पत्र भेजा गया था, लेकिन पुलिस के सही समय पर नहीं पहुंचने पर यह विवाद हुआ। पीड़ित ग्राम प्रधान पति रामाश्रय गुप्ता ने बताया कि तहरीर दिए जाने के बाद भी पुलिस के द्वारा कार्रवाई को अटकाया जा रहा है। इस तरह की घटना पूर्व में भी हो चुकी है, लेकिन पुलिस कार्रवाई करने से कतरा रही है। इस संबंध में थानाध्यक्ष देवेंद्र सिंह यादव ने बताया कि तहरीर नहीं मिली है।