कोतवाली क्षेत्र के वकीलबाड़ी के पास सोमवार की सुबह मुख्य सड़क पर कोचिंग पढ़कर कालेज जा रही एक छात्रा को बालू लदे ट्रक ने रौंद दिया। छात्रा की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद अनियंत्रित ट्रक एक आटो
सेंटर के सामने पेड़ से टकरा गई, जिससे दो बाइक की क्षतिग्रस्त हुईं। इस हादसे से गुस्साए ग्रामीणों ने मुहम्मदाबाद-गाजीपुर मार्ग जाम करते हुए प्रदर्शन किया। ग्रामीणों का कहना था कि सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे होने के कारण आए
दिन दुर्घटनाएं होती हैं, बावजूद इसे दुरुस्त नहीं कराया जाता। क्षेत्र के हरिबल्लमपुर गांव के गोरख चौधरी उर्फ मिठ्ठू लाल की पुत्री आरती (17) इंटर कालेज मुहम्मदाबाद में 11वीं की छात्रा थी। सुबह वह कोचिंग से पढ़ाई कर साइकल
से स्कूल जा रही थी। इसी दौरान वकीलबाड़ी के पास सड़क पर बड़े गड्ढे में फंसकर साइकल समेत गिर गई। इस बीच बलिया की ओर से आ रहा बालू लदा ट्रक साइकल सवार छात्रा को कुचलते हुए निकल गया। घटना के बाद भागने
के दौरान ट्रक थोड़ी दूर पर सड़क किनारे पेड़ से जा टकराया। घटना के बाद चालक ट्रक छोड़कर फरार हो गया। गंभीर रूप से कुचल जाने के कारण काफी देर तक छात्रा की पहचान नहीं हो सकी। बाद में पहचान होने पर उसके
घरवालों को सूचना दी गई। सड़क की खराब स्थिति से गुस्साए लोगों ने शव को सड़क पर रखकर जाम लगा दिया। सूचना पाकर मौके पर पहुंचे उपजिलाधिकारी त्रिभुवन विश्वकर्मा, क्षेत्राधिकारी मनमोहन पांडेय और कोतवाल
दिलीप सिंह ने लोगों को समझाने का प्रयास किया लेकिन वे नहीं माने। बाद में पुलिस ने सख्ती दिखाते हुए जाम कर रहे लोगों को वहां से हटाया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। छात्रा के
परिवार वालों का रो-रोकर बुरा हाल था। हादसे का शिकार हुई आरती पढ़ने में होशियार थी। बेहतर शिक्षा के लिए उसने कोचिंग में दाखिला लिया था। सोमवार को कोचिंग का पहला दिन था। आरती की सहपाठियों ने बताया
कि वह कोचिंग पढ़ने को लेकर काफी उत्साहित थी। कोचिंग से बाहर निकलते ही कालेज जाने के दौरान सड़क पर गड्ढे में साइकल फंस गई, जिससे वह गिरकर चोटिल हो गई। आरती की मौत से उसकी सहेलियां काफी दुखी थीं।
बलिया-मुहम्मदाबाद मार्ग पर वकीलबाड़ी के पास सड़क की स्थिति काफी बदतर है। सड़क पर एक-एक फीट तक के अनेकों गड्ढे हैं, जिसमें फंसकर प्रतिदिन लोग चोटिल होते रहते हैं। इन गड्ढों को दुरुस्त कराने के प्रति विभाग
पूरी तरह से लापरवाह बना हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि गड्ढे दुरुस्त कराने के लिए अधिकारियों से कई दफा कहा जा चुका है, बावजूद विभाग इसे गंभीरता से नहीं ले रहा है। उनका कहना है कि आज छात्रा आरती
इसकी शिकार हुई है, कल कोई और गड्ढों के कारण काल के गाल में समा सकता है।