फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Ghazipur News: पत्थर से शीशा टूटा तो अनियंत्रित बस डिवाइडर से टकराकर पलटी, दो महिलाओं की मौत, 38 घायल

विज्ञापन
वाराणसी-गोरखपुर फोरलेन पर नैसारे गांव के सामने हुए में क्षतिग्रस्त व मौके पर लगी लोगों की भीड़।
विज्ञापन
गाजीपुर/नंदगंज। नंदगंज थाना क्षेत्र के नौसारा गांव के सामने बृहस्पतिवार की सुबह 11 बजे महाराष्ट्र के 50 तीर्थयात्रियों को नेपाल से लेकर वाराणसी जा रही टूरिस्ट बस अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकराकर पलट गई। हादसे में अन्नपूर्णा देवी (50) निवासी अकोला व सरस्वती देवी (70) निवासी बुलढाना की मौत हो गई, जबकि बस में सवार 38 यात्री घायल हो गए। इनमें सिद्धेश्वर बड़ुआप्पा कुल्ली (63) और नंदी देवी (54) की हालत गंभीर है। सभी घायलों का इलाज मेडिकल कॉलेज अस्पताल में चल रहा है। एक तीर्थयात्री का कहना है कि पत्थर लगने से बस का शीशा टूटने के कारण यह हादसा हुआ। जबकि पुलिस ने इसे खारिज करते हुए कहा कि चालक के लगातार वाहन चलाने के कारण नियंत्रण खो देने से यह घटना हुई।
विज्ञापन


बस में सवार तीर्थयात्री पुणे निवासी पुनडलिक सोनार का कहना है कि 31 मार्च को भुसावल से ट्रेन पकड़कर चित्रकूट पहुंचे। इसके बाद प्रयागराज, अयोध्या और गोरखपुर होते हुए सोनौली बॉर्डर से मनोकामना देवी के दर्शन-पूजन के बाद नेपाल के काठमांडू में तीर्थयात्रियों ने विश्राम किया। काठमांडू में पशुपतिनाथ, जनकपुर और सीतामढ़ी के दर्शन के बाद सभी वाराणसी में काशी दर्शन व पूजन के लिए निकल गए थे। पुनडलिक सोनार ने बताया कि दोनों बसों में करीब 95 तीर्थयात्री सवार थे। एक बस में 50 और दूसरी में 45 तीर्थयात्री थे। पुनडलिक सोनार ने बताया कि जिस बस में वे सवार थे, उसकी रास्ते में एक पिकअप से टक्कर हो गई थी। इसके बाद पिकअप चालक और बस चालक के बीच कहासुनी हो गई। मरम्मत के नाम पर रुपये की मांग की गई, लेकिन पिकअप चालक आगे आने की बात कहकर चला गया। पुनडलिक का आरोप है कि घटना स्थल के पास अचानक बस के शीशे पर एक पत्थर आकर लगा, जिससे पूरा कांच टूट गया और चालक का बस से नियंत्रण खत्म हो गया और बस डिवाइडर से टकरा कर पलट गई।



एएसपी सिटी डॉ. राकेश मिश्रा ने बताया कि हादसे में दो महिला तीर्थयात्रियों की मौत हुई है, जबकि 38 घायल हैं। सभी का उपचार चल रहा है। बताया कि चालक कुलदीप लगातार वाहन चलाने के कारण बस से नियंत्रण खो बैठा था, जिसके चलते हादसा हुआ। पुलिस की जांच में बस पर पत्थर चलने की बात गलत पाई गई है और बस पर पत्थर चलने का प्रमाण वहां आसपास लगे सीसीटीवी कैमरे में भी नहीं मिला है।
विज्ञापन


हादसे में घायल तीर्थयात्री



हादसे में महाराष्ट्र के बुलढाणा, जलगांव, पुणे समेत विभिन्न जिलों के तीर्थयात्री घायल हुए हैं। इनमें प्रमिला पोकले, योगिता हिंगे, लक्ष्मीबाई, कौशल्या बाई, शैला किनहोलकर, प्रतिभा सुनारे, प्रमिला सुरपाटने, सुनीता हिंडोले, अशोक पांडुरंग, दुर्गा उगड़े, सूर्यकांत आप्टे, नंदकिशोर वाघमारे, ऊषा सुनारे, मंगला बाई, सीताराम उधड़े, नारायण धनेश्वर, मंगला गुडूखले, जगन्नाथ झोपड़े, राधा सुरपाटने, नलिनी कुल्ली, गणेश पोकड़े, लता गावड़े, सरस्वती पाटिल, कमल किनहोलकर, गजानन तायड़े, सुरेश हिंडोल समेत अन्य यात्री शामिल हैं। सभी घायलों का उपचार मेडिकल कॉलेज अस्पताल में चल रहा है।





महाराष्ट्र के दर्शनार्थी नेपाल से दर्शन-पूजन के बाद वाराणसी के काशी विश्वनाथ जा रहे थे। नंदगंज के नैसारे के पास बस दुर्घटनाग्रस्त हो गई। हादसे में दो महिलाओं की मौत हो गई, जबकि 38 घायल हो गए, जिनमें दो की हालत गंभीर है। घटना के कारणों की जांच की जा रही है। तीर्थयात्रियों से जानकारी लेकर कारणों का पता लगाया जाएगा। - अविनाश कुमार,डीएम।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें