फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Ghazipur: मुख्तार अंसारी के करीबी नगर पंचायत अध्यक्ष के घर चला बुलडोजर, घोषित किया था 25 हजार का इनाम

Sun, 10 Dec 2023 09:54 AM IST
किरन रौतेला न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गाजीपुर

सार

अंतरप्रांतीय गैंग नं0 191 के माफिया सरगना मुख्तार अंसारी का प्रमुख सहयोगी रियाज अंसारी  द्वारा अपने पद का दुरुपयोग करते हुए अपनी पत्नी निकहत परवीन की जमीन पर बहादुरगंज स्थित मौजा अब्दुलपुर खसरा नं0-1693 व 1694 1/3 के यानि 760 वर्ग फुट भूमि में बिना निर्माण मानचित्र स्वीकृत कराने के बाद अवैध निर्माण किया था, जिसे ध्वस्त किया गया।
विज्ञापन
मुख्तार अंसारी के करीबी नगर पंचायत अध्यक्ष के घर चला बुलडोजर - फोटो : संवाद
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

बहादुरगंज नगर पंचायत अध्यक्ष की मुश्किलें बढ़ती ही जा रही हैं। 25 हजार रूपये का ईनाम घोषित करने के दूसरे दिन ज़मीन पर बुलडोजर चलवाया। आरोप है कि अंतरप्रांतीय गैंग नं0 191 के माफिया सरगना मुख्तार अंसारी का प्रमुख सहयोगी रियाज अंसारी द्वारा अपने पद का दुरुपयोग करते हुए अपनी पत्नी निकहत परवीन की जमीन पर बहादुरगंज स्थित मौजा अब्दुलपुर खसरा नं0-1693 व 1694 1/3 के यानि 760 वर्ग फुट भूमि में बिना निर्माण मानचित्र स्वीकृत कराने के बाद अवैध निर्माण किया था, जिसे ध्वस्त किया गया। इस दौरान उप जिलाधिकारी कासिमाबाद व अधिशासी अधिकारी नगर पंचायत बहादुरगंज की उपस्थित रहे। 

विज्ञापन

बहादुरगंज नगर पंचायत की पूर्व चेयरमैन और वर्तमान चेयरमैन रेयाज अंसारी की पत्नी निकहत परवीन की फर्जी अंकपत्र के सहारे नौकरी लेने के आरोप में गिरफ्तारी हुई थी। इस मामले वह वर्तमान समय में जमानत पर हैं। जबकि इस मामले में बहादुरगंज के नगर पंचायत चेयरमैन रेयाज अंसारी, तत्कालीन चयन समिति के अध्यक्ष परवेज जमाल, तत्कालीन प्रबंधक नजीर अहमद एवं तत्कालीन प्रधानाचार्य जियाउल इस्लाम आरोपी हैं, जिन्हें दबोचने के लिए स्थानीय पुलिस की टीम के साथ एसओजी भी जुटी हुई है, लेकिन सफलता हाथ नहीं लग सकी है। ऐसे में पुलिस ने बीते दो दिसंबर को न्यायालय के आदेश पर इन सभी के मकानों एवं सार्वजनिक स्थानों पर धारा 82 का नोटिस चस्पा की थी । एक दिन पहले चेयरमैन रेयाज अंसारी और उसके तीन सहयोगी को भगोड़ा घोषित कर पुलिस ने 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया। साथ ही इनकी संपत्तियों का ब्योरा खंगालने में जुट गई है, जिससे निर्धारित समय के अंदर पेश न होने पर कुर्की की कार्रवाई की जा सके।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें