गाजीपुर। भाकपा माले के कार्यकर्ताओं ने अंबेडकर पार्क में कोरोना महामारी से जूझ रहे देश में निजीकरण का विरोध किया। प्रदर्शन कर कार्यकर्ताओं ने कहा कि रेलवे, विद्युत, कोयला जैसे सरकारी उपक्रमों को निजी हाथों में बेचा जा रहा है। सरकार के इस कदम का पुरजोर विरोध होगा।
उन्होंने मांग किया कि ओएलजीसी, रेलवे, बिजली, कोयला जैसे सरकारी उपक्रमों को निजी हाथों में नहीं बेचा जाय। सार्वजनिक प्रतिष्ठान एवं प्राकृतिक संसाधनों का निजीकरण बंद हो। कोरोना महामारी संक्रमण से राहत के लिए स्वास्थ्य सेवाएं बेहतर की जाय। पेट्रोलियम की बेतहाशा मूल्य वृद्घि वापस हो। इसे जीएसटी के दायरे में लाया जाय। देश के मजदूर, गरीब, किसानों के खाते में छह महीने तक प्रतिमाह 7500 रुपये भुगतान किया जाय। खाद्य सुरक्षा के तहत प्रत्येक गरीब को 35 किलोग्राम नि:शुल्क अनाज दिया जाय। एससी, एसटी छात्र-छात्राओं को ऑनलाइन छात्रवृत्ति का भुगतान किया जाय। कहा कि देश एवं उत्तर प्रदेश में गिरती कानून व्यवस्था एवं बढ़ते अपराध पर रोक लगाया जाय। बुद्घिजीवी, सामाजिक कार्यकर्ताओं को अपराध की झूठी धाराओं में फंसाकर उत्पीड़न से बाज आया जाय। किसान विरोधी और कार्पोेरेट परस्त कानून संसाधनों को रद्द किया जाय। बाढ़ राहत कार्य तेजी से शुरू किया जाय। इस मौके पर राम प्यारे, रामदरश यादव, अमेरिका सिंह यादव, विजय बहादुर सिंह, रामवदन सिंह, मोती प्रधान आदि मौजद थे।