फीस वृद्धि वापस लेने तथा टेंडर प्रक्रिया के जरिए प्रवेश परीक्षा कराने सहित अन्य मांगों को लेकर सोमवार को स्नातकोत्तर महाविद्यालय के छात्रों को गुस्सा फूट पड़ा। छात्रसंघ के महामंत्री हिमांशु यादव के नेतृत्व में छात्रों ने सोमवार को भ्रष्टाचार के विरोध में महाविद्यालय परिसर में धरना-प्रदर्शन किया।
महामंत्री ने कहा कि कालेज प्रशासन की ओर से छात्रों के हित को ध्यान में नहीं रखा जा रहा है। महंगाई का हवाला देते हुए कालेज प्रशासन हमेशा फीस बढ़ाने के लिए तैयार रहता है। कृषि संकाय प्रतिनिधि नीरज सिंह ने कहा कि छात्रों से कालेज प्रशासन की ओर से पग-पग पर अवैध वसूली की जाती है, जिसका विरोध करने वाले कई छात्रों का प्रवेश तक निरस्त कर दिया गया।
वाणिज्य संकाय प्रतिनिधि अवनीश दूबे ने कहा कि कालेज की व्यवस्था मात्र कागजी तौर पर चलती है, जबकि कालेज प्रशासन की ओर से छात्रों को कोई सुविधा मुहैया नहीं कराई गई है। कहा कि कोर्ट के आदेश के बाद भी कालेज में महिला पुलिस एवं पुलिस की पर्याप्त व्यवस्था नहीं की गई है। इस मौके पर अभिषेक, मोदन वाल, देवेश सिंह, अभिषेक अखिलेश, विजय, गुप्ता, विजय विक्रम यादव, धर्मेन्द्र आदि रहे।