महेन में अतिक्रमण का पुल को तोड़ती अतिक्रमण दस्ता।
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दुबिहां (गाजीपुर)। क्षेत्र के महेंद गांव में मऊ विधायक मुख्तार अंसारी के करीबी ग्राम प्रधान की ओर से मगई नदी पर बनाई जा रही अवैध पुलिया को प्रशासन ने बृहस्पतिवार को तोड़वा दिया। दोपहर बाद कई थानों की फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे उपजिलाधिकारी मुहम्मदाबाद राजेश गुप्ता समेत कई प्रशासनिक अधिकारी कार्रवाई खत्म होने तक वहीं जमे रहे।
करीमुद्दीनपुर थाना क्षेत्र के महेंद गांव में मर्गई नदी पर ग्राम प्रधान पुलिया का निर्माण करा रहा था। यह काम करीब छह माह से चल रहा था। इसी बीच बुधवार को एसडीएम के नेतृत्व में पुलिस एवं राजस्व विभाग की टीम वहां पहुंची तथा जेसीबी से पुलिया को तोड़ने लगी। इस दौरान वहां भीड़ लग गई। करीब दो घंटे की कार्रवाई में पुलिया को गिरा दिया गया। मौके पर मौजूद उप जिलाधिकारी ने बताया कि मगई नदी पर इस पुल का निर्माण बिना किसी परमिशन के किया जा रहा था। संबंधित विभाग से न तो इसकी एनओसी ली गई थी और न ही मानकों का प्रयोग किया जा रहा था। इस पुलिया का लेवल भी काफी नीचे था जिससे बाढ़ में खतरा उत्पन्न हो सकता था। उच्चाधिकारियों के आदेश के बाद ग्राम प्रधान की ओर से अवैध रूप से बनवाई जा रही इस पुलिया को गिराया जा रहा है।
मुख्तार के सहयोगियों पर कसा शिकंजा
गाजीपुर। करीमुद्दीनपुर थाना क्षेत्र के महेंद गांव में मंगई नदी पर बनाए जा रहे अवैध पुलिया को गिरा कर जिला प्रशासन ने मऊ विधायक मुख्तार अंसारी के सहयोगियों पर भी शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। पुलिस ने बताया कि गांव के प्रधान कमरुनिशां के पति नन्हे खां निजी हित में मछली पालन के उद्देश्य से इस पुलिया को स्वयं के पैसे से बनवा रहे थे। उन पर करीमुद्दीनपुर थाने में सरकारी जमीन पर कब्जा करने का मुकदमा दर्ज किया गया है। इसके अलावा वर्ष 2007 में मुख्तार अंसारी की ओर से ग्राम प्रधान को एक बोलेरो दी गई थी जिसका अब तक पंजीकरण भी नहीं हुआ था। उसे सीज कर दिया गया है। पुलिस अधीक्षक डा. ओम प्रकाश सिंह ने बताया कि प्रधानपति नन्हे खां को विधायक मुख्तार अंसारी ने एक बोलरो वाहन दिया था, जिसका पंजीकरण नहीं कराया गया। उसे सीज कर दिया गया है। पुलिस की कार्रवाई में किसी भी प्रकार की दिक्कत नहीं आई। गांव का माहौल न बिगड़े इसलिए सुरक्षाकर्मी तैनात कर पूरी स्थिति पर नजर रखी जा रही है।