गाजीपुर। जिले में कोरोना का संक्रमण किसी भी हाल में कम होने का नाम नहीं ले रहा है। सोमवार को फिर एक युवक के कोरोना पाजिटिव मिलने से जिला प्रशासन में अफरा-तफरी की स्थिति बनी रही। शादियाबाद के गुरैनी गांव का रहने वाला युवक बीते 12 मई को गुजरात से घर आया था। बाहर से आने के बाद जलालाबाद में बनाए गए क्वारंटीन सेंटर पर उसे रखा गया था। रिपोर्ट आने क बाद उसे दोपहर बाद पंडित दीनदयाल उपाध्याय मंडलीय अस्पताल में इलाज के लिए एंबुलेंस से भेजा गया। एक दिन पहले रविवार को जिले में कुल सात मरीज मिले थे। अब जिले में कुल कोरोना मरीजों की संख्या 35 तक पहुंच गई है। इसमें से 29 एक्टिव है।
बाहरी राज्यों तथा महानगरों ने आने वाले प्रवासियों के चलते इधर एक सप्ताह में लगातार 26 मरीज मिले है। इससे प्रशासन की नींद उड़ गई है। हालांकि जिले में अब तक पाए गए मरीजों में छह ठीक होकर आ भी चुके हैं। इसमें पांच जमाती थे जिन्हें शहर के एक इंटर कालेज में बनाए गए अस्थाई जेल में रखा गया है जबकि एक महिला को रेलवे प्रशिक्षण केंद्र में क्वारंटीन किया गया है। जिले में कोरोना का संक्रमण रूकने का नाम नहीं ले रहा है। मरीजों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। गुरैनी गांव का यह युवक गुजरात से 10 मई को आया था। स्क्रीनिंग के बाद इसे मां शारदा पीजी कालेज जलालाबाद में कोरंटीन कर दिया गया था। 13 मई को इसकी सैंपलिंग की गई थी। रिपोर्ट पाजीटिव आने के बाद पुलिस, प्रशासन तथा स्वास्थ्य विभाग की टीम मौके पर पहुंची और उसे सुरक्षा व्यवस्था के बीच एंबुलेंस से इलाज के लिए वाराणसी भेज दिया।
रविवार को भी जिले में सात मरीज मिले थे। इसमें से चार दुल्लहपुर में एक शहर के रेलवे प्रशिक्षण केंद्र में क्वारंटीन था जबकि अलग अलग जगहों पर होम क्वारंटीन थे। यह मरीज मुहम्मदाबाद के वकीलबाड़ी यूसुफपुर, मनिहारी के चकबाकर, रेवतीपुर, सदर ब्लाक के डिलिया, दुल्लहपुर, मनिहारी ब्लाक के यूसुफपुर खड़बा एवं सदर ब्लाक के बभनौली गांव के है। यह सभी मरीज दिल्ली, मुंबई तथा गुजरात आदि जगहों से आए थे। प्रशासन की ओर से संबंधित गांवों को हाटस्पाट घोषित करते हुए संक्रमित गांवों को सैनिटाइज करने और सर्वेक्षण का काम शुरू कर दिया गया है।