गाजीपुर। अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा युवा और सर्वसमाज के संगठनों ने अस्तित्व बचाओ आंदोलन के तहत मंगलवार को भारत महाबंद का आह्वान किया था। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने नगर में जुलूस निकाल कर नारेबाजी की तथा दुकानें बंद कराई। जनपद में बंदी का मिला-जुला असर देखने को मिला। नगर एवं ग्रामीण क्षेत्रों में बंदी का भले ही खास असर न हो, लेकिन मुख्य बाजार में सन्नाटा रहा। बंदी को लेकर ग्राहकों की चहल-पहल भी गायब थी। आलम यह रहा कि शहर के जिस इलाके से जुलूस गुजर रहा था उधर की दुकानें के शटर धड़ाधड़ गिरने लग रहे थे। कुछ देर तक दुकानें बंद रहती थीं और जुलूस के आगे बढ़ने के बाद दुकानें पुन: खुल जा रही थीं।
भारत महाबंद के दौरान महासभा के कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को लंका मैदान पर एकत्रित हुए और जुलूस निकाला। यह जुलूस लंका, सकलेनाबाद, विशेश्वरगंज, मिश्रबाजार, महुआबाग, होते हुए कचहरी पहुंचा जहां सभा किया गया। इस मौके पर जिलाध्यक्ष राजकुमार सिंह ने कहा कि एससी- एसटी एक्ट, पदोन्नति में आरक्षण एवं राम मंदिर निर्माण के लिए क्षत्रिय महासभा युवा एवं सर्वसमाज के संगठनों की ओर से लगातार तीन महीनों से आवाज बुलंद की जा रही है। इसके बावजूद केन्द्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश को पलट दिया। अन्य वक्ताओं ने कहा कि एससी एसटी समुदाय वर्षों से प्रताड़ित हो रहा है। इस कानून का दुरुपयोग हो रहा है लेकिन केन्द्र सरकार को इससे कोई मतलब नहीं रह गया है। सिर्फ वोट की राजनीति की जा रही है। इसके चलते देश की आंतरिक सुरक्षा तथा व्यवस्था प्रभावित होती जा रही है। केन्द्र सरकार की ओर से कहा जा रहा है कि 14 राज्यों में 195 विशेष अदालतें होने के बावजूद एससी एसटी एक्ट कानून से जुड़े 89 मामले लंबित हैं। इसमें सरकार ने अग्रिम जमानत न देने के प्रावधान को भी जायज ठहराया है। इससे जाहिर होता है कि इस काले कानून के साथ सरकार मजबूती के साथ खड़ी है। इससे साफ जाहिर होता है कि विशेष अदालतों के बावजूद भी मामले लंबित हैं क्योंकि फर्जी मुकदमे अधिक हो रहे हैं। इस मौके पर मुकुल सिंह, कुंअर अभिषेक सिंह, अमित सिंह, प्रवीण सिंह, वैभव सिंह, भल्लन सिंह, भूपेन्द्र सिंह, रानू, सूरज, राजीव सिंह, विशाल, पुष्कर सिंह, बृजेश सिंह, राकेश सिंह, यशवंत सिंह, हर्ष, इन्द्रकेश, पंकज सिंह, बिट्टू सिंह, नीलू सिंहष शैलेश, अविनाश, गोलू आदि मौजूद रहे।