दुबिहां(गाजीपुर)। वाराणसी-छपरा रेल खंड पर करीमुद्दीनपुर और ढोडाडीह रेलवे स्टेशनों के बीच बिछाए गए इलेक्ट्रिक तार पर गुरुवार की सुबह एक पेड़ गिर गया। जिससे रेल यातायात बाधित हो गया। इसकी सूचना तत्काल स्टेेशन मास्टर सहित रेलवे कंट्रोल को दी गई। इंजीनियरिंग विभाग की टीम मौके पर पहुंची और पेड़ काट कर हटाने के साथ ही विद्युत तार को दुरुस्त कर ट्रेनों का संचालन शुरू कराया । इस बीच कुल तीन घंटे तक रेल यातायात बाधित रहा।
गुरुवार को भोर में बारिश के दौरान अचानक एक जंगली पेड़ जड़ सहित उखड़ गया। पेड़ करीमुद्दीनपुर-ढ़ोडाडीह रेलवे स्टेशनों के बीच खींचे गए इलेक्ट्रिक तार पर जा गिरा। इस बीच सुबह बलिया-वाराणसी मेमू सवारी गाड़ी करीब तीन घंटे तक चितबड़ागांव रेलवे स्टेशन पर खड़ी कर दी गई। इसके साथ ही बलिया-वाराणसी सवारी गाड़ी को भी फेफना में रोक दिया गया था। डाउन में आ रही वाराणसी-छपरा पैसेंजर ट्रेन को युसूफपुर रेलवे स्टेशन पर खड़ा कर दिया गया था। उधर घटना की सूचना पाकर मौके पर पहुंचे इंजीनियरिंग विभाग के अधिकारी तथा कर्मचारियों ने पेड़ को काट कर अलग किया और विद्युत तार ठीक कर ट्रेन को आगे के लिए रवाना किया। इस बीच करीब तीन घंटे तक रेल यातायात ठप रहा। पूर्वांह्न सवा आठ बजे के बाद ट्रेनों का का संचालन शुरू हुआ। स्टेशन अधीक्षक तौकीर अहमद ने बताया की अप में इलेक्ट्रिक ट्रेन (मेमू) तीन घंटे तक चितबड़ागांव में खड़ी थी। यह करीमुद्दीनपुर से 8.19 बजे रवाना हुई। इसके साथ ही बलिया-वाराणसी पैसेंजर ट्रेन 8.55 बजे और अप सारनाथ 10 बजे रवाना हुई, जबकि डाउन में वाराणसी-छपरा पेसेंजर 8.54 बजे करीमुद्दीनपुर पास की। कुल मिलाकर अप में तीन ट्रेनें और डाउन में एक ट्रेन प्रभावित हुई।