जमानिया (गाजीपुर)। विद्युत उपकेंद्र पर खराबी आने से सोमवार की रात साढ़े चार घंटा बत्ती गुल रही। इसकी वजह से भीषण गर्मी में लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। मंगलवार को भी पूरे दिन बिजली के आने-जाने का क्रम जारी रहा। लोगों का कहना है कि सीएम का तहसील मुख्यालयों को 18 घंटे विद्युत आपूर्ति का दावा खोखला साबित हो रहा है।
नगर स्थित विद्युत उपकेंद्र में सोमवार की देर शाम 132 केवीए ट्रांसमिशन लाइन का जंफर उड़ गया। इससे सभी फीडरों की आपूर्ति ठप हो गई। दर्जनों मुहल्ला और गांव अंधेरे में डूब गए। बत्ती गुल होते ही कूलर-पंखा बंद हो गया और गर्मी की वजह से लोगों की बेचैनी बढ़ गई। राहत के लिए लोग घरों की छतों और बाहर निकलकर अब-तब बिजली आने का इंतजार करने लगे। जिन लोगों के पास उपकेंद्र और अधिकारियों का मोबाइल नंबर था, वह फोन मिलाकर यह पता लगाने में लग गए कि बिजली कब तक आएगी। रात में साढ़े 11 बजे बिजली आने पर लोगों ने राहत की सांस ली। मंगलवार को भी पूरे दिन बिजली के आने-जाने का खेल जारी रहा। सुबह करीब नौ बजे नगर के दुरहिया मुहल्ले के पास विद्युत तार टूट गया। इस कारण कई घंटे आपूर्ति बाधित रही। इस दौरान लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। गर्मी के मौसम में बिजली के नाटक से लोगों में विभाग के प्रति रोष गहराता जा रहा है। उनका कहना है कि प्रदेश सरकार की ओर से 20 घंटा विद्युत आपूर्ति के आदेश पर जर्जर विद्युत उपकरण पानी फेर रहे हैं। इस संबंध में एसडीओ बीके राव ने बताया कि रात में जंफर कटने की वजह से करीब साढ़े चार घंटा आपूर्ति बाधित रही। मंगलवार सुबह दुरहिया मुहल्ला में ओवरलोड की वजह से तार टूटने से घंटों तक आपूर्ति बाधित रही।