भीमापार/मरदह (गाजीपुर)। मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी का आदेश जनपद में हवा-हवाई साबित हो रहा है। ट्रांसफार्मर फुंकने के बाद महज 24 घंटे के भीतर उसे बदलने का निर्देश विभागीय अधिकारियों की उदासीनता के कारण ठंडे बस्ते में पड़ गया है। जनपद के कई हिस्सों में आए दिन ट्रांसफार्मर फुंक रहे हैं। इन दिनों सादात तथा मरदह विकास खंड में कई दिनों से ट्रांसफार्मर फुंके हुए हैं। इसकी सुधि लेने वाला कोई नहीं है। कई गांव अंधेरे में डूबे हुए हैं।
भीमापार क्षेत्र के मंगारी गांव में पिछले दस दिनों से 63 केवीए का ट्रांसफार्मर फुंका हुआ है। जिससे कई गांव अंधेरे में रहने को विवश है। इसके अलावा बीरा राय पट्टी, बरहपार, नसरतपुर, उकराव आदि गांव के ट्रांसफार्मर जलने से खेती का काम प्रभावित हो रहा है। मंगारी गांव में 63 केवीए का ट्रांसफार्मर जलने से लगभग गांव की आधी आबादी दस दिनों से अंधेरे में रहने को विवश है। इस वजह से लोगों को भीषण गर्मी में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ट्रांसफार्मर को न बदले जाने से विद्युत विभाग के प्रति लोगों का गुस्सा बढ़ता जा रहा है। जबकि योगी सरकार द्वारा जले ट्रांसफार्मर को बदलने के लिए 72 की जगह24 घंटे का फरमान जारी किया गया है। बावजूद कई दिन बीत जाने के बाद भी ट्रांसफार्मर को नहीं बदला गया। इस संबंध में अवर अभियंता विशाल श्रीवास्तव ने बताया कि जल्द ही ट्रांसफार्मर को बदलकर आपूर्ति बहाल की जाएगी।
मरदह संवाददाता के मुताबिक जागोपुर स्थित काली माता मंदिर के पास लगा 25 केवीए का टांसफार्मर पिछले एक माह से जला हुआ है, जिसकी सुधि लेने वाला कोई नहीं है। विभागीय अधिकारियों की उदासीनता की वजह से अंधेरे में डूबे जागोपुर गांव, जिससे सबसे ज्यादा दिक्कतों का सामना किसानों को भुगतान पड़ रहा है। यहां एक माह से ट्रांसफार्मर जलने के कारण किसानों को धान की सिंचाई के लिए पानी की समस्या उत्पन्न हो जा रही है। विभाग द्वारा बार-बार अनदेखी किए जाने पर पूरे गांव में अंधेरा कायम है। ट्रांसफार्मर से 100 घरों तथा दर्जनों पंपसेट्रो को बिजली सप्लाई की जाती है। एक माह बीतने के बाद भी विभागीय अधिकारियों की उदासीनता के कारण किसान परेशान हैं। गांव के किसान प्रेम नारायण सिंह, त्रिलोकी यादव, रमई यादव, चौथी यादव, विजई यादव, रामचंद्र, दुब्बर, मुख्तार, पकंज, राजेंद्र, बासुदेव, उमाशंकर, रामअवध, छोटेलाल, रामऔतार, विरेंद्र, उदयभान, बांकेलाल, सकलू यादव तथा हरेंद्र ने बताया कि ट्रांसफार्मर के जलने की जानकारी पहले दिन ही विभाग के जेई तथा एसडीओ को दे दी गई। इसके बाद एक्सईएन को भी टोल फ्री नंबर से अवगत करा दिया गया। लेकिनकोई सुनने को तैयार नहीं है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि जल्द से जल्द ट्रांसफार्मर नहीं बदला गया, तो हम कभी भी सड़क पर उतर सकते हैं। विद्युत विभाग के एक्सईएन एसके सिंह का कहना है कि जिले में ट्रांसफार्मर फुंकने की शिकायत मिलने के बाद उसे तत्काल दुरूस्त कराने का काम किया जा रहा है। बरसात के लिए कई इलाकों में रास्ता ठीक न होने की वजह से समय पर ट्रांसफार्मर नहीं बदल पा रहे हैं। मेरा पूरा प्रयास है कि फुंके ट्रांसफार्मरों को समय के भीतर बदल दिया जाए।