दुबिहां। करीमुद्दीनपुर थाने के विशंभरपुर गांव में शनिवार को दिन में हाईटेंशन तार से निकली चिंगारी से खेत में आग लग गई। कुछ ही देर में 15 किसानों की करीब दस बीघा गेहूं की फसल जलकर राख हो गई। आक्रोशित ग्रामीणों ने मुआवजे और तार बदलने की मांग को लेकर मुहम्मदाबाद और चितबड़ागांव के सामने जाम लगा दिया। मौके पर पहुंचे एसडीएम ने आश्वासन देकर तीन घंटे बाद जाम समाप्त कराया। जाम की वजह से आवागमन करने वालों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
विश्वंभरपुर गांव में शनिवार को दिन में करीब दो बजे खेत के ऊपर से गुजरे हाईटेंशन तार से निकली चिंगारी खेत में गिर गई, जिससे गेहूं की फसल में आग लग गई। आग की जानकारी होते ही ग्रामीण शोर-शराबा करते हुए मौके की तरफ से दौड़ पड़े। काफी प्रयास के बाद ग्रामीणों ने आग पर काबू पाया। आग की इस घटना में गांव निवासी किसान झूलन कुशवाहा, रामस्नेही यादव, रमाशंकर राय, संजय राय, संजीव राय, प्रमोद राय, रामाश्रय राय, हरेराम यादव, विक्रमा यादव, संतोष राय, संतोष यादव, जगदीश कुशवाहा, विक्रमा यादव, दयानंद राय और नंदलाल राम की लगभग दस बीघा खड़ी फसल जलकर राख हो गई। इस घटना से किसानों में आक्रोश व्याप्त हो गया। जली फसल का मुआवजा देने और जर्जर तार को बदलने की मांग को लेकर ग्रामीणों ने गांव के सामने मुहम्मदाबाद-चितबड़ागांव पर दिन में तीन बजे जाम लगा दिया। जाम लगते ही मार्ग पर आवागमन ठप हो गया। जानकारी होते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई और ग्रामीणों को समझाते हुए जाम समाप्त करने को कहने लगी, लेकिन ग्रामीण मौके पर सक्षम अधिकारी को बुलाने की जिद्द पर अड़े रहे। सूचना मिलने पर उपजिलाधिकारी मुहम्मदाबाद राजेश गुप्ता मौके पर पहुंचे। मुआवजा के साथ ही संबंधित अधिकारियों से वार्ता कर तारों को बदलवाने का आश्वासन दिया। इस पर तीन घंटा बाद शाम को छह बजे जाम समाप्त हुआ। जाम की वजह से आवागमन करने वालों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। लोग समय से गंतव्य तक नहीं पहुंच सके।