अग्निपथ योजना के विरोध को देखते हुए रविवार को रोडवेज ने सुबह से लेकर दोपहर दो बजे तक बसों के संचालन को बंद रखा। इस दौरान किसी भी रूट पर बसों का परिचालन नहीं हुआ। जिससे यात्रियों को आवागमन में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। क्योंकि युवाओं के बवाल के कारण पहले से ही निजी बस स्टैंडों से बसों का संचालन बंद है। ऐसे में यात्री सुबह से शाम तक वाहन के लिए भटकते रहे।
दोपहर बाद युवाओं का प्रदर्शन और हंगामा शांत हुआ तो रोडवेज ने दोपहर दो बजे के बाद बसों का संचालन शुरू किया। जिसमें बलिया, वाराणसी और आजमगढ़ रूट पर बसों को चलाया गया। शाम छह बजे तक बलिया रूट पर दो, वाराणसी रूट पर दो और आजमगढ़ रूट पर सात बसों का परिचालन हुआ। इस प्रकार कुल 11 बसों को ही चलाया गया। अधिकारियों का कहना है कि सोमवार को स्थिति सामान्य होने पर ही बसों का संचालन पूरी क्षमता से किया जाएगा।
प्रदर्शनकारियों के बवाल को देखते हुए बसों का संचालन एहतियातन नहीं हो रहा है। सुबह से दोपहर तक बसों का संचालन नहीं हुआ। लेकिन दोपहर दो बजे के बाद बसों का संचालन शुरू कर दिया गया।
वी के पांडेय एआरएम
गाजीपुर-मथुरा रूट की बस का मैनपुरी में टूटा शीशा
रोडवेज के अधिकारियों ने बताया कि शुक्रवार को गाजीपुर-मथुरा रूट की बस को मैनपुरी के पास प्रदर्शनकारियों ने छतिग्रस्त कर दिया। इस दौरान बस का शीशा टूटा है। किसी को चोट नहीं आई। शनिवार को बस को मरम्मत के लिए भेज दिया गया है। गाजीपुर या आस-पास के रूटों पर बसें सुरक्षित हैं।