नारी सशक्तिकरण का सबसे अच्छा उदाहरण बीसी (बैंकिंग कॉरेस्पोंडेंट) और विद्युत सखी हैं, जिन्होंने अपनी कड़ी मेहनत के दम पर पुरुषों को पीछे छोड़ दिया है। परिवार की जिम्मेदारियों का निर्वहन करते हुए कमीशन कमाकर आर्थिक रूप से सुदृढ़ कर रही हैं।
जनपद में 1021 बीसी और 328 विद्युत सखियों ने अपने मेहनत से अब तक 49.43 लाख रुपये कमाया है। परमानंदपुर की उर्मिला देवी ने तो 16 करोड़ से अधिक रुपये का ट्रांजेक्शन कर पैसा भी कमाया और टॉप पांच में पहला स्थान भी बनाया है।
सरकार मिशन शक्ति के फेज- 5 को अभियान बनाकर महिलाओं, युवतियों एवं बालिकाओं को जागरूक कर उन्हें सशक्त बनाने में जुटी हुई है तो दूसरी तरफ महिलाएं भी कड़ी मेहनत कर मिशाल पेश कर रही हैं।
बिरनो ब्लाॅक के परमानंदपुर गांव की रहने वाली उर्मिला देवी ने मात्र आठ महीने में 16 करोड़ से अधिक धनराशि का ट्रांजेक्शन कराया, जिसके एवज में उन्हें 1.95 लाख रुपये कमीशन मिला।
उर्मिला देवी बताती हैं कि परिवार और बच्चों की जिम्मेदारियों का निर्वहन करते हुए ब्यूटी पार्लर की दुकान चलाती हैं। साथ ही वह वर्ष 2020 में महिला समूह से जुटकर काम करने लगीं।
केंद्र सरकार की योजना बीसी सखी से जुड़ी और पूरे उत्साह के साथ काम करते हुए परिवार को आर्थिक रूप से संबलता प्रदान कर रही हूं। यहीं नहीं अन्य महिलाओं को जोड़ने काम कर रही हूं, जिससे वह भी आर्थिक रूप से मजबूत हो सके।
सैदपुर ब्लाॅक के छोटे से गांव मठसरईया निवासी संध्या देवी कहती हैं कि परिवार की जिम्मेदारी उठाने के साथ बीसी सखी बनकर आर्थिक सुदृढ़ता भी प्रदान कर रही हूं। पति आजाद यादव दुकान चलाकर परिवार का जीविकापार्जन करते हैं।
उनके कंधे से कंधा मिलाकर चलने काम करने के साथ दुकान पर बैठकर ट्रांजेक्शन काम करती हूं, इस कार्य में पति ने काफी हौसला बढ़ाया। गांव की तीन से चार महिलाओं को भी जोड़ने काम की हूं, जो मेहनत करके आर्थिक संबलता की ओर बढ़ रही हैं। संवाद
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276.63 करोड़ से अधिक का किया ट्रांजेक्शन
गाजीपुर। मुख्य विकास अधिकारी संतोष कुमार वैश्य ने बताया कि जनपद की बीसी सखी बहुत अच्छा काम कर रही हैं। वर्तमान समय 1021 बीसी सखी सक्रिय हैं, जिन्होंने 276. 63 करोड़ से अधिक का ट्रांजेक्शन किया है। इस एवज में इन बीसी सखी को 47. 21 लाख से अधिक कमीशन प्राप्त किया है। इसमें टॉप पांच में बिरनो ब्लाक के परमानंदपुर की उर्मिला देवी, मनिहारी खतीरपुर की अनिता कुशवाहा, सैदपुर चांदपुर की तारा देवी, सादात के सवास की पुष्पा और मठसरईया गांव की संध्या देवी शामिल हैं। वहीं 328 विद्युत सखियां सक्रिय हैं, जिन्होंने 1.31 करोड़ से अधिक रुपये का विद्युत बिल जमा कराकर 2.22 लाख से अधिक रुपये कमीशन पाया है। इसमें विद्युत सखी पूनम ने अपने मेहनत से 41.57 लाख रुपये विद्युत बिल जमा कराकर 57682 रुपये कमीशन प्राप्त किया है।
बैंकिंग सेवाओं को घर तक पहुंचा रहीं बीसी सखी
बीसी सखी का मुख्य कार्य गांवों में बैंकिंग सेवाओं को घर तक पहुंचाना है। बैंक खाते से पैसे जमा करना, निकालना, नए खाते खोलना और सरकारी योजनाओं की राशि लाभार्थियों तक पहुंचाना। वे एक वित्तीय प्रतिनिधि (बैंकिंग कॉरेस्पोंडेंट) के रूप में काम करती हैं, जो डिजिटल लेनदेन में भी लोगों की मदद करती हैं और वित्तीय साक्षरता को बढ़ावा दे रही हैं।
जनपद की बीसी और विद्युत सखी अपने मेहनत से अच्छा कार्य कर रही हैं। 1021 बीसी सखी बैकिंग सेवाओं को घर तक पहुंचाकर 276 करोड़ से अधिक का ट्रांजेक्शन की हैं, वहीं 328 विद्युत सखी ने 1.31 करोड़ रुपये बिजली बिल जमा कराया है। यहीं नहीं अपने आप को आर्थिक रूप से सुदृढ़ भी कर रही हैं।
- संतोष कुमार वैश्य, सीडीओ गाजीपुर।