महानगर में क्राइम और जाम अब कंट्रोल रूम से कंट्रोल होंगे। इसके लिए करीब साढ़े सात करोड़ की लागत से मॉडर्नाइज्ड कंट्रोल रूम निर्मित होगा। कंट्रोल रूम में ढाई करोड़ रुपये की लागत से एलईडी टच स्क्रीन लगेगी। इसे शहर में लगे सीसीटीवी कैमरों से डायरेक्ट अटैच किया जाएगा। स्क्रीन पर जूम इन और जूम आउट सुविधा के साथ शहर की मैपिंग भी हो सकेगी। कंट्रोल रूम के इस साल जून-जुलाई तक तैयार होने की उम्मीद है। इस मॉर्डन कंट्रोल रूम को ‘डायल 100’ नाम दिया गया है।
ऐसी होगी फंक्शिनिंग
कंट्रोल रूम से वायरलेस सेट से जाम या वारदात स्थल की जानकारी स्थानीय पुलिस को मिलेगी। स्क्रीन पर जूमिंग की मदद से जाम की वजह बनी गाड़ी का नंबर और जगह तक बता दी जाएगी। पुलिस वाहनों में जीपीएस सिस्टम लगाने से वहां पहुंचने का समय भी पता लग जाएगा। एसएसपी ने बताया कि कंट्रोल रूम में ही वाहनों की लोकेशन की हिस्ट्री का डाटा भी फीड होगा। एक क्लिक पर ही सारा डाटा स्क्रीन पर उपलब्ध होगा। बता दें कि शासन ने कंट्रोल रूम निर्माण को साढ़े सात करोड़ देने की घोषणा की थी।
पुलिस खरीदेगी हाईड्रोलिक ट्रैक्टर
एसएसपी ने बताया कि जल्द ही पुलिस दो-तीन हाईड्रोलिक ट्रैक्टर खरीदेगी, ताकि सड़क किनारे अतिक्रमण कर रहे वाहनों को उठाया जा सके। पुलिस ने जीडीए वीसी को पत्र लिखकर क्रेन की भी मांग की है।