फिरोजाबाद। सूरज की तपिश से त्वचा रोग बढ़ने लगा है। सूरज की तपिश के कारण सन बर्न और स्किन एलर्जी, प्रिकलीहीट के मामले सामने आ रहे हैं। मेडिकल कॉलेज और निजी अस्पतालों में त्वचा संबंधित रोगियों की संख्या बढ़ गई है।
पिछले एक सप्ताह से तापमान लगातार बढ़ रहा है। बृहस्पतिवार को भी तापमान 44 डिग्री सेल्सियस था। शुक्रवार को 41 डिग्री तक रहा। एकाएक तन झुलसाने वाली गर्मी बढ़ गई है। इससे शरीर के खुले हिस्से पर दाने, खुजली, चकते आदि जैसी शिकायतें भी बढ़नी शुरू हो गईं।
अस्पतालों में तेज धूप से हो रही सन बर्न, घमोरी, फोटो डर्मेटाइटिस, और रिएक्शन जैसे त्वचा रोगों के मामले ज्यादा आ रहे हैं। सनबर्न में शरीर के खुले हिस्से पर दाने और खुजली की शिकायतें आती हैं। सरकारी अस्पताल के चर्म रोग विभाग में मरीजों की संख्या 150 से 200 तक पहुंच रही है।
तेज धूप में त्वचा रोग सबसे ज्यादा उन लोगों को बढ़ रहे हैं, जिनकी त्वचा संवेदनशील है। ऐसे में लोगों को अपना बचाव करना चाहिए। जिन लोगों को धूप में निकलते ही सन बर्न होने लगता है, उन्हें चाहिए कि डॉक्टर की सलाह से सन स्क्रीन लोशन का प्रयोग करें। किसी प्रकार का तेल शरीर पर न लगाएं। वर्तमान में सन बर्न, त्वचा संबंधित अन्य मामले आ रहे हैं। -डॉ. आरए सुधाकर, चर्म रोग विशेषज्ञ
ज्यादा पानी पीना रहता है फायदेमंद
गर्मी शुरू हो गई है इसलिए दिनभर में कम से कम 5 से 6 लीटर तक पानी पीना चाहिए। इससे त्वचा हाइड्रेटिड रहती है और रूखी नहीं पड़ती। इस वजह से उनकी त्वचा पर सूरज की किरणों का असर होता है। मरीजों को स्किन बर्न की समस्याएं भी हैं।
क्या करें
-मुंह और सिर अच्छी तरह ढककर ही धूप में निकलें।
-शुष्क त्वचा पर साबुन आदि का प्रयोग कम से कम करें।
-धूप से एलर्जी हो तो सनस्क्रीन लगाकर ही बाहर निकलें।
-पानी और पेय पदार्थों का लगातार इस्तेमाल करते रहें।
-धूप का चश्मा और टोपी लगाएं।
-भोजन में तरल पदार्थ ज्यादा लें-खूब पानी पीएं।