फिरोजाबाद। कार्यदायी संस्था के ठेकेदार द्वारा दो माह का लंबित मानदेय नहीं दिए जाने नाराज 35 सफाईकर्मी सोमवार को जलकल विभाग में धरना पर बैठ गए। नाराज कर्मियों ने कई घंटे तक सफाई कार्य में प्रयुक्त वाहन नहीं निकलने दिए तथा नारेबाजी की। हालांकि अफसरों द्वारा एक सप्ताह में मानदेय भुगतान का भरोसा देने पर सफाई कर्मी माने। वर्षाकाल जुलाई से सितंबर माह के दरम्यान निगम के जलकल विभाग द्वारा मैसर्स मनोज कुमार नामक ठेकेदार के जरिए 35कर्मियों को रखा गया। सभी कर्मियों को शहर में हुए जलभराव वाले स्थलों पर काम करने एवं अलग-अलग जगहों पर चोक सीवर लाइन की सफाई का जिम्मा दिया गया। लेकिन पिछले दो माह से सफाई कर्मी अब अपने बकाया मानदेय के लिए दर-दर की ठोकरें खा रहे हैं। सफाई कर्मियों का आरोप है कि तीन महीना काम कराने के बाद ठेकेदार ने एक माह मानदेय देकर काम से छुट्टी कर दी।
नाराज सफाईकर्मी सोमवार को जलकल विभाग के गेट पर धरना देकर बैठ गए। नाराज कर्मियों ने कई घंटे तक सफाई कार्य में प्रयुक्त वाहनों को गेट के बाहर नहीं निकलने दिए। इससे सफाई कार्य पर असर पड़ा। मौके पर पहुंचे महाप्रबंधक जलकल द्वारा एक सप्ताह में भुगतान का आश्वासन देने पर सफाईकर्मी मान गए। जलकल द्वार पर धरना देने वाले कर्मियों में जितेंद्र कुमार, अजय कुमार, सर्वेश, राहुल, प्रदीप कुमार आदि शामिल थे।
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जलनिकासी एवं सीवर लाइन सफाई को रखे कर्मचारियों को जिस फर्म के जरिए रखा गया था। वह ब्लैकलिस्टेड हो गई है। इस कारण कर्मियों का मानदेय नहीं दिया जा सका। कर्मियों का मानदेय जल्द दिलाने का प्रयास करेंगे।
आरबी राजपूत, महाप्रबंधक जलकल