फिरोजाबाद। आसमान में काली घटाओं और हल्की बूंदाबांदी के बीच बुधवार शाम जैसे ही रहमत का चांद नजर आया, वैसे ही जिलेभर में मुकद्दस रमजान माह का एलान हो गया। मस्जिदों से चांद की तस्दीक होते ही फिजाओं में रमजान मुबारक की गूंज सुनाई देने लगी। आज यानी बृहस्पतिवार को माह-ए-रमजान का पहला रोजा रखा जाएगा।
बुधवार शाम से ही अकीदतमंद छतों पर चांद देखने के लिए सक्रिय थे। हालांकि मौसम खराब था, लेकिन चांद दिखने के ऐलान के साथ ही खुशियां छा गईं। शहर की एतिहासिक जामा मस्जिद (सदर बाजार), नगर निगम के सामने स्थित फिरोजशाह मकबरा मस्जिद और अन्य प्रमुख मस्जिदों में ईशा की नमाज के साथ विशेष नमाज तरावीह शुरू हो गई। जहां पुरुष मस्जिदों में जुटे, वहीं महिलाओं ने घरों में कुरान ख्वानी और नमाज के जरिए खुदा की बारगाह में सिर झुकाया।
धर्मगुरुओं का संदेश, गुनाहों से माफी का महीना
मौलाना आलम मुस्तफा याकूबी ने रमजान की मुबारकबाद देते हुए कहा कि यह महीना अपने गुनाहों की माफी और नेकियों को कमाने का है। हर मुसलमान को रोजा रखकर खुदा की इबादत करनी चाहिए। वहीं, शिया यूथ के अध्यक्ष मंसूर रिजवी ने भी तरावीह और नमाज की अहमियत पर जोर देते हुए इसे रूहानी पाकीजगी का जरिया बताया।
त्योहारों से पूर्व व्यवस्थाएं दुरुस्त करने की मांग
एक ओर जहां रमजान का आगाज हुआ है, वहीं दूसरी ओर होली का त्योहार भी नजदीक है। इन दो बड़े पर्वों को देखते हुए ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन के पदाधिकारियों ने बुधवार को नगर निगम पहुंचकर नगर आयुक्त को ज्ञापन सौंपा। जिलाध्यक्ष आसिफ इकबाल के नेतृत्व में पहुंचे प्रतिनिधिमंडल ने मांग की कि होली और रमजान के मद्देनजर शहर की सफाई व्यवस्था को तत्काल सुधारा जाए। गर्मी और इबादत के समय को देखते हुए निर्बाध पेयजल सप्लाई सुनिश्चित की जाए। जाटवपुरी और अन्य प्रमुख इलाकों में हो रहे जलभराव की समस्या का स्थाई समाधान किया जाए। इस दौरान मेहंदी हसन, मोहसिन रजा, कलीम अख्तर आदि मौजूद रहे।