गर्मी का सीजन आने से पहले ही शहर के गली-मोहल्लों में पेयजल संकट बढ़ने लगा है। नगला मिर्जा से जुड़े मोहल्लों में घरों में पानी न आने के कारण क्षेत्रीय लोगों को दूरदराज तक दौड़ लगानी पड़ती हैं। यहां जनता को नहाने-धोने से लेकर पीने के लिए भी नसीब नहीं हो पा रहा है।
पेयजल के नाम पर करोड़ों खर्च होने के बावजूद नगर निगम पर्याप्त इंतजाम नहीं कर सका। नगला मिर्जा बड़ा, बौद्धनगर, सती नगर, सरजीवन नगर क्षेत्र में पेयजल का गंभीर संकट बना हुआ है। बौद्धनगर क्षेत्र की गलियों में अंदर तक पानी न पहुंचने के कारण जनता को काफी दूर तक टीटीएसपी से पानी भरने को मजबूर होना पड़ता है। सरजीवन नगर के आधे इलाके में पेयजल का गंभीर संकट बना हुआ है। वर्षों पुरानी टंकी हजारों की आबादी की प्यास बुझाने में अक्षम साबित हो रही है। नगला मिर्जा बड़ा में वर्षों पुरानी एक टीटीएसपी भी है, वह भी बंद पड़ी है। ऐसी स्थिति में क्षेत्रीय लोगों को मोल खरीद कर पानी पीना पड़ रहा है। यहां तक कि लोग नहाने-धोने तक को पानी खरीदने को मजबूर हैं। क्षेत्र में वर्षों पुराने लगे हैंडपंप भी शोपीस बने हुए हैं। नगर निगम द्वारा खराब हैंडपंप रीबोर कराने में कोई रुचि नहीं दिखाई।
बोली जनता
बौद्धनगर निवासी मानसिंह का कहना है कि यहां कई मकान हैं लेकिन गलियों में पानी न आने के कारण दूर बनी टीटीएसपी से पानी भरने जाना पड़ता है। सरजीवन नगर निवासी मनोहर सिंह का कहना है कि यहां गलियों तक पानी ही नहीं पहुंचता है। टीटीएसपी भी खराब हो जाती है तो चंदा करके ठीक करानी पड़ती है। सतीनगर निवासी सुनील का कहना है कि यहां एक नलकूप लगा भी आएदिन खराब हो जाता है। गर्मी में पानी की गंभीर समस्या हो जाती है लेकिन कोई अधिकारी नहीं सुनता। नगला मिर्जा बड़ा निवासी कल्पना गौतम का कहना है कि टीटीएसपी न चलने के कारण हम तो मोल खरीद कर पानी पीते हैं। यहां तक नहाने-धोने तक में आरओ का पानी प्रयोग करना पड़ता है।