टूंडला में फीरोजाबाद हाईवे पर फर्जी सेल्सटैक्स आफीसर बनकर नीली बत्ती लगी बोलेरो सवार बदमाशों ने बस में रखी लाखों रुपये की चांदी लूट ली। पुलिस ने इस मामले में बस के चालक और परिचालक के खिलाफ ही अमानत में खयानत का मामला दर्ज किया है।
घटना विगत 30 दिसंबर की है। हाथरस डिपो की बस मथुरा से सवारियां लेकर लखनऊ जा रही थी। बस में ही महावीर सिंह पुत्र भगवान सिंह निवासी गली कुम्हारान मंडी रामदास थाना गोविंदपुर, मथुरा ने करीब 40 किलो चांदी की पायल से भरे दो बैग बस परिचालक जावेद खां पुत्र मुन्ने खां निवासी थाने के सामने खंदौली, आगरा व बस चालक बॉबी निवासी खंदौली को दिए थे। बतौर बस परिचालक जावेद 30 दिसंबर की रात्रि करीब 11.30 बजे करीब टोल टैक्स से निकलते ही नीली बत्ती लगी बोलेरो ने उनकी बस को रोक लिया। बोलेरो सवारों ने स्वयं को सेल्स टैक्स आफीसर बताते हुए चालक बाबी के समीप रखे चांदी की पायल से भरे एक बैग को अपने कब्जे में ले लिया।
चालक ने कागजात भी दिखाए लेकिन वह जबरन एक बैग को ले गए। बस चालक ने मामले की जानकारी 100 नंबर पर पुलिस कंट्रोल को दी। पुलिस ने बोलेरो को तलाश किया लेकिन उसका कहीं पता नहीं चला। रसूलपुर थाने में भी घटना की जानकारी दी। यही नहीं दूसरे चांदी की पायल से भरे बैग को बस चालक व कंडेक्टर लखनऊ ले गए। पूरे मामले से महावीर को भी अवगत कराया गया। इसके बाद सैल टैक्स कर्मियों की तलाश की गई लेकिन वह नहीं मिले। महावीर ने बस चालक व परिचालक पर चांदी हड़पने का आरोप लगाते हुए अमानत में खयानत का मामला दर्ज कराया है। थाना पुलिस का कहना है कि मामला दर्ज किया गया है।
जावेद और बाबी गायब हुए
टूंडला ब्यूरो। चांदी व्यवसायी महावीर सिंह अपने साथियों के साथ मंगलवार सुबह बस परिचालक जावेद व चालक बॉबी को लेकर आया था। जावेद के साथ उसका भाई चांद खां भी था। टूंडला से पहले ही महावीर सिंह ने उसे कार से उतार दिया और उससे टूंडला थाने पहुंचने की बात कही। जब वह टूंडला थाने गया तो दोनों लोग नहीं मिले। चांद खां ने जावेद के साथ अनहोनी की आशंका जताई है।