नहर में शव की तलाश करती शत्रुजीत ब्रिगेड की टीम।
- फोटो : नहर में शव की तलाश करती शत्रुजीत ब्रिगेड की टीम।
शिकोहाबाद। नेजा चढ़ाने के बाद नहर में नहाने के दौरान डूबे युवक का शव 72 घंटे बाद सेना के जवानों ने खोज निकाला। युवक का शव गड्ढे में पत्थरों के बीच फंसा हुआ था। सेना के जवानों ने शव को पुलिस के सुपुर्द कर दिया।
थाना मटसेना के मोढ़ा कनेटा निवसी सर्जन कुमार (18) सोमवार को ग्रामीणों के साथ नेजा चढ़ाने बालाजी मंदिर आया था। नेजा चढ़ाने के बाद वह गांव छीछामई के समीप नहर में दोस्तों के साथ नहाने गया था। नहाने के दौरान वह एक गहरे गड्ढे में डूब गया। सोमवार को आगरा से पीएसी गोताखोरों की टीम एवं एसडीआरएफ की टीम तलाश करती रही। बुधवार को आगरा से शत्रुजीत ब्रिगेड की 411 पैराशूट फील्ड कंपनी डाइवर्स के साथ शिकोहाबाद पहुंची। ऑपरेशन को लीड करने के लिए कंपनी के कमान अधिकारी कर्नल इलियास खान भी मौके पर पहुंचे। तीन घंटे की मशक्कत के बाद पत्थरों के बीच फंसे हुए युवक के शव को बरामद किया गया। इंस्पेक्टर ने बताया कि शव के पोस्टमार्टम की वीडियोग्राफी कराई जाएगी।
नगर निगम की मशीनों एवं पंपसेट ने कम किया जलस्तर
नहर के लगभग 30 फीट गहरे गड्ढे में पत्थरों के बीच फंसे हुए युवक का शव को तलाश करना पुलिस एवं सेना के जवानों के लिए चुनौती बन गया था। गड्ढे का पानी कम करने के लिए तीन पंपसेट एवं नगर निगम फिरोजाबाद से भी पानी निकालने के लिए मशीनों को मंगवाया गया। सभी मशीनें एक साथ गड्ढे के जलस्तर को कम करने का काम करती रहीं। इसके बाद ही सफलता मिल सकी।