गोपनीय तरीके से हुई शिकायत
विभागीय सूत्रों के अनुसार, मामले में शिकायत भी काफी गोपनीय ढंग से हुई। अधिकांश मामले में ऑडियो वायरल होने के बाद में कार्रवाई होती है, लेकिन इस मामले में ऑडियो कहीं भी वायरल नहीं हुआ। शिक्षाधिकारियों द्वारा भी ऑडियो की जांच कराई जा रही है। निलंबन पत्र देखने के बाद अन्य शिक्षक संगठन के नेता भी आश्चर्यचकित हो गए। हालांकि जिस संगठन में शिक्षक ब्लॉक अध्यक्ष है, वह संगठन भी शिक्षक को बाहर का रास्ता दिखाने की रणनीति बनाने में जुट गया है।
पहले भी लगे हैं ऐसे आरोप
अक्सर बीआरसी पर शिक्षक नेताओं को देखा जाता है। कुछ शिक्षक नेता शिक्षाधिकारियों के साथ अक्सर दिखाई देते हैं। बीते दिनों जसराना ब्लॉक में एक शिक्षक नेता पर शिक्षामित्र से वसूली के आरोप लगे थे। हालांकि मामला रफा-दफा हो गया।