मतदान पूर्व शुक्रवार की रात बूथ कैप्चरिंग की आशंका पर शिकायत करने थाना नगला सिंघी पहुंचे एक प्रत्याशी के समर्थक तेजवीर की पुलिस की पिटाई से मौत हो गई। घटना से गुस्साए ग्रामीणों ने रात भर थाने पर हंगामा किया। थानाध्यक्ष मुकेश कुमार और सिपाही राजेंद्र कुमार के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर, दोनों को निलंबित कर दिया गया है।
तेजवीर (55) पुत्र रामप्रसाद चौहान गांव नगला सिंघी के रहने वाले थे। गांव नगला सिंघी के मजरे ग्वारई का मतदान केंद्र प्रशासन नगला पीपरिया गांव में बनाया था। नगला पीपरिया गांव नगला सिंघी से लगभग 15 किलोमीटर दूर यमुना की तलहटी में है।
शनिवार को हुए चुनाव से पूर्व शुक्रवार रात करीब दस बजे प्रधान पद की महिला प्रत्याशी कल्पना चौहान पत्नी संजय चौहान, तेजवीर और अन्य समर्थकों के साथ थाना नगला सिंघी पर पहुंची और आशंका जताई कि विरोधी प्रत्याशी नगला पीपरिया बूथ को कैप्चर करने की तैयारी कर रहे हैं।
कार्यालय पर उनकी बात नहीं सुनी गई तो ये थानाध्यक्ष के आवास पर पहुंच गए और उनका दरवाजा खुलवाया। नींद से जगाने पर झल्लाए थानाध्यक्ष ने सभी को हिरासत में लेने की बात कही। तेजवीर ने इसका विरोध किया तो उसे सबके सामने पीटा और थाने के कार्यालय में बैठा दिया।
ग्रामीणों का आरोप है कि पिटाई के कुछ देर बाद तेजवीर की मौत हो गई। इसके बाद ग्रामीणों ने थाना घेर लिया और पुलिस पर कार्रवाई की मांग करने लगे। जानकारी पर पहुंचे एसपी सिटी उदयशंकर सिंह ने तेजवीर के बेटे हेमंत चौहान की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कराई और थानाध्यक्ष और सिपाही राजेंद्र निलंबित करने जानकारी दी, इसके बाद ग्रामीण शांत हुए।