उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद में डाक खाने की किस्त न जमा करने व फ्रॉड करने को लेकर लोगों ने पोस्ट आफिस एजेंट के घर पर जमकर हंगामा किया। पुलिस ने फ्रॉड करने वाली दो महिलाओ समेत तीन लोगों को हिरासत में लिया है। लोगों का आरोप है कि आरोपियों ने करीब तीन से चार करोड़ की ठगी की है। बाद में मामले में समझौता हो गया।
घटना थाना दक्षिण क्षेत्र के सुहागनगर इलाके की है। शनिवार देर रात सुहागनगर के सेक्टर दो निवासी रवि गुप्ता के घर के सामने सैकड़ों लोगों ने हंगामा करते हुए उनके घर को घेर लिया। लोगों का आरोप था कि रवि गुप्ता घर की महिलाओं के साथ पोस्ट आफिस में एजेंट का काम करते हैं।
उन्होंने तमाम लोगों के फिक्स्ड डिपोजिट एफडी अकाउंट खुलवा रखे हैं। वह लोगों से एफडी सहित अन्य खातों में जमा करने के लिए पैसे ले जाते हैं। आरोप है कि उनके द्वारा किसी को पासबुक नहीं दी जाती है। वह पासबुक अपने पास रखने की बात कहते थे। कुछ दिन पहले वह घर में ताला लगाकर भाग गए। इसके बाद से ही लोग उनकी तलाश कर रहे थे।
शनिवार देर रात वह घर से सामान निकालने आए थे। तभी लोगों को इसकी जानकारी हो गई और लोगों पर सैकड़ों लोगों की भीड़ जमा हो गई। भीड़ ने रवि गुप्ता के घर को घेर लिया और हंगामा करने लगे। लोगों ने बताया कि उन्होंने पोस्ट आफिस में जाकर अपने खाते की पता किया तो जानकारी हुई कि उनके खाते में कोई पैसे जमा नहीं किए गए और न हीं उन्हें पासबुक दी गई।
मौके पर पहुंची पुलिस ने दो महिलाओं सहित तीन लोगों को हिरासत में लिया था। थाना प्रभारी योगेंद्रपाल सिंह ने बताया कि मीना गुप्ता डाकखाने में लंबे समय से एजेंट हैं। पति के बीमार होने के बाद आगरा में भर्ती थे। इस कारण किश्त जमा नहीं कर पाई थीं। 23 सितंबर तक पैसा वापस देने के साथ समझौता हो गया है।