फीरोजाबाद। हाइवे पर बेलगाम रफ्तार और ओवरलोडिंग वाहन हादसों को दावत दे रहे हैं। प्रशासन ने आंखें मूंद ली हैं। अधिकारी इन डग्गामार वाहनों पर लगाम नहीं कस पा रहे हैं।
कोटला चुंगी रोड का आलम सबसे बुरा है। यहां से जाने वाली बस और डग्गामार वाहनों में सवारियां ठूंस-ठूंस कर भरी जाती हैं। छतों पर जान जोखिम में डालकर सवारियों को बैठाया जाता है। मेटाडोर से भी सवारियों को ढोया जा रहा है। चूड़ी कारखानों में श्रमिक को लाने वाले वाहनों में भी जमकर ओवरलोडिंग होती है। इन वाहनों को चलाने वाले चालकों के पास न तो लाइसेंस है और न वाहन के कागजात। कई वाहनों पर नंबर तक नहीं हैं। कई वाहन ऐसे भी हैं, जिनके ट्रैफिक पुलिस द्वारा कई बार चलान काटे गए हैं, लेकिन वाहन चालक चलान की परवाह नहीं करते हैं। ट्रैफिक पुलिस ओवर लोडिंग वाहनों को रोकने के बजाए हर वाहन से इंट्री फीस लेकर इतिश्री कर रही है। जबकि कई बार लोग इस बाबत सवाल भी खड़ा कर चुके हैं। सिटी मजिस्ट्रेट रविंद्र सिंह का कहना है कि यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। आला अधिकारियों से बात कर समस्या से निजात दिलाएंगी।