इसके बाद युवक को परिजन सरकारी ट्रॉमा सेंटर के स्ट्रेचर से ही प्राइवेट ट्रॉमा सेंटर ले जाने लगे। जब सुरक्षाकर्मियों ने इसका विरोध किया तो उनके साथ भी अभद्रता कर दी। गुस्साए स्वास्थ्यकर्मियों ने सरकारी ट्रॉमा सेंटर के गेट बंदकर सेवाओं को पूरी तरह ठप कर दिया। इसके बाद जमकर नारेबाजी की गई। सूचना मिलने पर सिटी मजिस्ट्रेट विनोद कुमार पांडेय, सीएमएस डा. नवीन जैन के अलावा थाना पुलिस मौके पर पहुंच गई।
सिटी मजिस्ट्रेट ने स्वास्थ्यकर्मियों को शाम तक कार्रवाई कराने का आश्वासन दिया है। आश्वासन मिलने के बाद कर्मचारी अपने-अपने काम पर वापस लौट गए। इस मामले में स्टाफ नर्स चंचल ने शिकायती पत्र थाना उत्तर पुलिस को दिया है। थाना प्रभारी ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। शिकायती पत्र प्राप्त हो गया है। कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
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