फिरोजाबाद। आध्यात्मिक जीवन पर आधारित फिल्म ‘श्री नीम करौरी महाराज’ को आखिरकार केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (सीबीएफसी) से सेंसर प्रमाणपत्र मिल गया है। कई महीनों के इंतजार के बाद मिली इस मंजूरी के साथ ही फिल्म की रिलीज को लेकर चल रही अनिश्चितता खत्म हो गई है।
अकबरपुर गांव के निवासी उदयन शर्मा ने बताया कि 24 अप्रैल को फिल्म रिलीज होनी थी, लेकिन किसी कारण यह रिलीज नहीं हो सकी थी। प्रमाणन प्रक्रिया के दौरान फिल्म से जुड़े दस्तावेज और तकनीकी पहलुओं की विस्तृत जांच की गई। सभी आवश्यक औपचारिकताएं पूरी होने के बाद बोर्ड ने फिल्म को प्रमाणपत्र जारी किया। फिल्म के निर्माताओं का कहना है कि उन्होंने पूरी प्रक्रिया के दौरान सभी नियमों और दिशा-निर्देशों का पालन किया। प्रमाणपत्र मिलने के बाद टीम में खुशी का माहौल है और अब वे रिलीज की तैयारियों में जुट गए हैं। फिल्म को लेकर दर्शकों और भक्तों में पहले से ही उत्सुकता बनी हुई है। आध्यात्मिक संदेश और जीवन से जुड़े प्रसंगों पर आधारित यह फिल्म जल्द ही बड़े पर्दे पर दिखाई जाएगी। संवाद