बोर्ड परीक्षाओं में सख्ती के चलते पहले दिन ही हजारों की संख्या में परीक्षार्थी परीक्षा देने नहीं आए। उड़नदस्तों के अलावा सेक्टर मजिस्ट्रेट एवं प्रशासनिक अधिकारी भी परीक्षा केंद्रों का जायजा लेने पहुंचे। सुबह सात बजे से शुरू हुई सुबह की पाली में हिंदी की परीक्षा कराई गई। वहीं, दूसरी पाली में हिंदी प्रथम प्रश्न पत्र की परीक्षा कराई गई।
हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट की बोर्ड परीक्षा जनपद के 177 केंद्रों पर सख्ती के साथ कराई गई। सख्ती के डर से 6,736 परीक्षार्थियों ने पहले दिन ही परीक्षा छोड़ दी। हाईस्कूल परीक्षा में पंजीकृत 48,609 परीक्षार्थी में से कुल 41, 873 परीक्षार्थी ही परीक्षा देने आए। सुबह-सुबह हाईस्कूल के परीक्षार्थियों में परीक्षा देने के लिए जोश दिखे। परीक्षा केंद्रों के बाहर सुबह साढे़ छह बजे से छात्र-छात्राओं की लंबी कतारे देखने को मिलीं। गेट पर शिक्षकों द्वारा चेकिंग कर परीक्षार्थियों को अंदर प्रवेश दिया गया। साढ़े सात बजते ही परीक्षार्थियों को पेपर थमा दिए गए। वहीं, इंटरमीडिएट की परीक्षा देने के लिए परीक्षार्थी दोपहर डेढ़ बजे ही पहुंच गए। इंटरमीडिएट का पेपर दो बजे शुरू हो गया। परीक्षा के दौरान सेक्टर मजिस्ट्रेट, उड़नदस्ते क्षेत्रों का दौरा करते रहे। हालांकि उड़नदस्तों ने एका, जसराना तहसील में निरीक्षण किया। परीक्षा के दौरान ठा. तारा सिंह इंटर कालेज नौसरा, पुत्तुलाल इंटर कालेज मंडपुरा, विद्याराम इंटर कालेज, फतेह सिंह अमृति देवी उमा विद्यालय बरकतपुर में नकलची एवं मुन्नाभाई पकडे़ गए। मां चंद्रवती इंटर कालेज में दो कक्ष निरीक्षकों को डीआईओएस ने कार्यमुक्त कर दिया।
पुत्र की जगह पिता परीक्षा देने आए
शिकोहाबाद। माधोगंज स्थित परीक्षा केंद्र ज्ञान ज्योति आवासीय इंटर कालेज में आज सुबह की पाली में एमएस इंटर कालेज, हैवतपुर कर्खा थाना नसीरपुर कालेज के छात्र धर्म सिंह के स्थान पर उसका पिता पौप सिंह परीक्षा देने आया। पुलिस ने उसे पकड़ लिया। उसके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के आदेश दिए हैं।
छात्रा मेहजवी ने कहा कि परीक्षा को लेकन मन में इतना डर था कि बहुत घबराहट होने लगी थी। मगर पेपर सामने आया तो सब कुछ वही आया जो याद किया था।
छात्रा मैरी यादव का कहना है कि पहले बार बोर्ड परीक्षा दे रहे थे तो मन में डर बैठ गया था। लेकिन पेपर पास आया तो डर मन से निकल गया।
छात्रा वंशिका का कहना है कि पेपर बहुत सरल आया था। जो समय रहते ही पूरा कर दिया। पहले लग रहा था कि किस तरीके के प्रश्न आएंगे।
छात्रा प्रीती का कहना है कि पेपर देखकर तो मेरी टेंशन खत्म हो गई है। यह पेपर को अच्छा गया, लेकिन आगे के पेपर भी इसी तरके के जाएं। इसके लिए मेहनत और करूंगी।
घबराहट में छात्र छात्राएं भूल गए प्रश्नपत्र
बोर्ड एग्जाम को लेकर परीक्षार्थियों में इतनी घबराहट थी कि कई परीक्षार्थी जल्दबाजी में घर से निकल आए और प्रवेश पत्र घर पर ही छोड़ आए। जब गेट पर चेकिंग के समय शिक्षकों ने प्रवेश पत्र मांगा तो परीक्षार्थी इधर उधर झांकते रहे। कई छात्राएं तो रोने लगीं। शिक्षकों ने अपने फोन देकर घर से प्रवेशपत्र मंगाने को कहा।
गायब थे कक्ष पर्यवेक्षक
जसराना(ब्यूरो)। नायब तहसीलदार छविराम वर्मा ने जसराना के श्री दुर्गा इंटर कालेज के साथ, मेघ सिंह हुंडीलाल इंटर कालेज टीकामई, आदर्श जनता इंटर कालेज जसराना, हरिभेजी सुघर सिंह इंटर कालेज हरिदासपुर जमालीपुर के साथ अन्य विद्यालयों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान विद्यालयों में अव्यवस्था का माहौल देखने को मिला। कक्ष निरीक्षक के रुप में लगाए गए अधिकांश अध्यापक गायब थे। वहीं श्री दुर्गा इंटर कालेज एवं हरिभेजी सुघर सिंह इंटर कालेज में कक्ष पर्यवेक्षक के रुप में लगाए गए कर्मचारी ही गायब मिले।
अनुपस्थित पर्यवेक्षकों का कटेगा वेतन-डीएम
फीरोजाबाद(ब्यूरो)। डीएम विजय किरन आनंद ने परीक्षा के पहले ही दिन जसराना तहसील क्षेत्र के परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। डीआईओएस को निर्देश दिए कि यदि जो पर्यवेक्षक अनुपस्थित मिलेंगे उनका वेतन कटेगा, सभी अनुपस्थितों की सूची तलब की।
पुलिसकर्मियों ने किया आराम, बाहर जमे रहे लोग
पुलिसकर्मी परीक्षा केंद्रों पर काफी देर से पहुंचे। पहुंचने के बाद कुर्सी पर जमकर बैठ गए। एसआरके इंटर कॉलेज में मैदान की ओर से कक्षाओं के बाहर लोग खिड़कियों से ताकाझांकी करते रहे। वहीं, आवाज भी लगाते रहे। इसके अलावा डडियामई इंटर कॉलेज के बाहर लोगों का जमावड़ा था। जब उड़नदस्ता में सत्यदेव यादव पहुंचे तो उन्होंने लोगों भगाया।
संकलन केंद्र पर नहीं हुई रिकार्डिंग
डीआईओएस ने संकलन केंद्र पर रिकार्डिंग कराने की बात कही थी। मगर पहले दिन रिकार्डिंग नहीं की गई थी। वहीं, शहरी क्षेत्रों में परीक्षा केंद्रों पर भी रिकार्डिंग नहीं हुई।