गैर इरादतन जानलेवा हमले के मामले में चार लोगों को सात-सात वर्ष की सजा
संवाद न्यूज एजेंसी
फिरोजाबाद। जिला जज संजीव फौजदार ने ग्यारह वर्ष पूर्व हुई मारपीट और गैर इरादतन जानलेवा हमले के मामले में चार आरोपियों को सात-सात वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। न्यायालय ने उन पर अर्थदंड लगाया है। अर्थदंड न देने पर उन्हें अतिरिक्त कारावास भोगना होगा।
मामला थाना मटसेना के गांव आकलाबाद हसनपुर का है। 15 सितंबर 2011 को अनिल, कपूर, श्याम सुंदर तथा आशा देवी को लाठी-डंडों से पीटकर घायल कर दिया था। श्यामसुंदर के सिर में गंभीर चोट आई थी। अनिल ने थाने में श्याम बाबू, राजा, राजन और राजू के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने विवेचना कर चारों के खिलाफ धारा 308 (गैर इरादतन जानलेवा हमला) सहित कई धाराओं में न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। मुकदमा जनपद न्यायाधीश संजीव फौजदार की अदालत में सुनवाई को पहुंचा। अभियोजन पक्ष की तरफ से मुकदमे की पैरवी कर रहे जिला शासकीय अधिवक्ता राजीव प्रियदर्शी ने करते हुए हाईकोर्ट एवं सुप्रीमकोर्ट के कई उदाहरण रखते हुए सख्त सजा दिलाए जाने की पहल की। जनपद न्यायाधीश संजीव फौजदार ने गवाहों के बयान तथा साक्ष्यों के आधार पर न्यायालय ने चारों को दोषी माना। न्यायालय ने चारों आरोपियों को सात-सात वर्ष के कारावास की सजा सुनाई। न्यायालय ने उन पर नौ-नौ हजार का अर्थदंड लगाया है। अर्थदंड न देने पर उनको छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।