बड़ी लापरवाही सामने आई, जेल अधीक्षक ने सीएमओ को लिखा पत्र, जांच शुरू
संवाद न्यूज एजेंसी
फिरोजाबाद। जिला जेल की सुरक्षा में बड़ी लापरवाही का मामला सामने आया है। जेल अधीक्षक ने पाया कि जेल में ड्यूटी कर रहे एक फार्मासिस्ट ने बिना किसी की अनुमति के अपने साथी को ड्यूटी पर बुला लिया। इससे भी बड़ी चूक यह हुई कि वह साथी फार्मासिस्ट अपना मोबाइल फोन भी जेल की अति संवेदनशील जगह में अंदर ले गया, जबकि जेल में फोन ले जाना सख्त मना है। इस मामले में सीएमओ को पत्र लिखा गया है। सीएमओ ने जांच कमेटी का गठन कर दिया है।
जेल अधीक्षक अमित चौधरी द्वारा मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) को भेजे गए पत्र में लिखा है कि फार्मासिस्ट रामनारायण के दो से 8 नवंबर तक छुट्टी पर जाने के कारण शीलेंद्र प्रताप सिंह और अतुल मित्तल की अस्थायी ड्यूटी जेल में लगाई गई थी। 7 नवंबर को शीलेंद्र प्रताप सिंह ड्यूटी पर आए। लेकिन अतुल मित्तल की जगह वह अपने साथ सौदान सिंह फार्मासिस्ट, जो कि पीएचसी, जसराना पर तैनात हैं। उनको अपने साथ लाए और सौदान सिंह को बिना किसी आदेश के जेल में प्रवेश कराया गया और वह अपना व्यक्तिगत मोबाइल फोन भी अंदर ले जाया गया। जब फोन पर अतुल मित्तल से बात की तो उन्होंने बताया कि शीलेन्द्र प्रताप ने उन्हें 7 नवंबर को ड्यूटी पर आने से मना कर दिया था और कहा था कि वह खुद ड्यूटी कर लेंगे। जेल अधीक्षक ने अपनी शिकायत में इसे घोर अनुशासनहीनता बताया है। उन्होंने सीएमओ को लिखा है कि जेल बहुत संवेदनशील जगह है और ऐसी लापरवाही से सुरक्षा खतरे में पड़ गई। जेल अधीक्षक ने सीएमओ से दोनों फार्मासिस्टों पर तुरंत कार्रवाई करने और उनके बदले किसी और स्टाफ को ड्यूटी पर लगाने की मांग की है। सीएमओ डा. रामबदन राम ने बताया कि मामले में दो सदस्यीय जांच कमेटी गठित की है, जिसमें डिप्टी सीएमओ डा. फारुख अहमद और कमल किशोर वर्मा को रखा गया है। जांच रिपोर्ट आते ही संबंधितों पर कार्रवाई की जाएगी।