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ट्रैकिंग सिस्टम से जोड़ी गईं एंबुलेंस, तुरंत पता चलेगी लोकेशन

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फिरोजाबाद। शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में अब 102 और 108 एंबुलेंस की लोकेशन ट्रेस करना आसान होगा। कॉल सेंटर पर फोन करने के बाद एंबुलेंस 15 मिनट के अंदर पहुंचेगी। ऐसा नहीं होने पर ऑनलाइन ट्रैकिंग सिस्टम से उसकी स्थिति जान सकते हैं। जनपद की 61 एंबुलेंस इस सिस्टम से जोड़ी गई हैं।
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नोडल अफसर के मुताबिक, एंबुलेंस का आवंटन होते ही कंपनी लिंक भेजती है, जिससे लोकेशन ट्रेस कर सकते हैं। सेवा प्रदाता कंपनी ने एंबुलेंस के जीपीएस ठीक कराने के साथ ही एप को अपडेट कराकर एंबुलेंस की ट्रैकिंग का नया फीचर जोड़ा है। अब एंबुलेंस स्वीकृत होते ही एप उस क्षेत्र में मौजूद नजदीकी एंबुलेंस को अपने आप बुक कर देता है। बुक करते ही कॉल करने वाले के मोबाइल पर लिंक पहुंचता है। स्मार्टफोन पर उस लिंक के जरिए एंबुलेंस को ट्रेस कर सकते हैं।
जनपद में एंबुलेंस की स्थिति
- 108 सेवा में हैं 28 एंबुलेंस।
- 102 सेवा में हैं 30 एंबुलेंस।
- 03 एडवांस लाइफ सपोर्ट (एएलएस) हैं।
किस सेवा के लिए कौन सी एंबुलेंस
108 : हादसे या दूसरी किसी आकस्मिक स्थिति में।
102 : गर्भवती एवं जच्चा-बच्चा के लिए।
एएलएस : गंभीर मरीजों को हायर सेंटर में रेफर करने और वीआईपी मूवमेंट।
- एंबुलेंस की ट्रैकिंग शुरू होने के बाद से देरी से पहुंचने की शिकायत खत्म होगी। नया सिस्टम अपडेट किया गया। एंबुलेंस को विलंब से छोड़ने की शिकायतें भी हैं। इसे दूर करने के प्रयास किए जा रहे हैं। - मनोज कुमार, प्रोग्राम मैनेजर एंबुलेंस सेवा।
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केस एक
- एंबुलेंस देर से मिलने की शिकायतें मिलती हैं। पिछले दिनों खैरगढ़ क्षेत्र में गर्भवती महिला के लिए परिजन एंबुलेंस के लिए फोन लगाते रहे लेकिन एंबुलेंस काफी देर से पहुंची थी। इसमें डीएम ने जांच करके कार्रवाई के आदेश दिए थे। 26 नवंबर को हुई समीक्षा बैठक में एंबुलेंस सेवाओं की खराब स्थिति पर एंबुलेंस कंपनी के प्रबंधक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के आदेश सीएमओ को दिए थे।
केस दो
- दीवाली से एक दिन पहले 13 नवंबर को हिमांयुपुर में गैस सिलिंडर लीक होने से लगी आग में छह लोग गंभीर रूप से झुलस गए थे। जिला अस्पताल से इन्हें आगरा रेफर करने के लिए स्वास्थ्य अधिकारी और परिजन फोन करते रहे लेकिन एंबुलेंस दो घंटे बाद पहुंची। मौके पर पहुंचे सदर विधायक मनीष असीजा ने नाराजगी जाहिर कर जांच के लिए डीएम को पत्र लिखा था। डीएम ने जांच के आदेश दिए थे।
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