शिकोहाबाद। नसीरपुर क्षेत्र के कई गांव में रहने वाले हजारों ग्रामीणों को रोडवेज बस की सुविधा नहीं मिल पा रही है। प्राचीन बटेश्वर मंदिर एवं नसीरपुर क्षेत्र में ग्रामीण डग्गेमार वाहनों से ही सफर करने को मजबूर हैं। इस सुविधा को शुरू न करने के पीछे विभागीय अधिकारियों का तर्क सवारियों के न मिलने का है। इस वजह से इस रूट पर रोडवेज का संचालन नहीं हो रहा है।
बाह में बटेश्वर स्थित भगवान भोलेनाथ का प्राचीन मंदिर है। जहां हर वर्ष सावन मास में हजारों की संख्या में कांवड़िये कांवड़ लेकर भोलेनाथ को गंगाजल से अभिषेक कराने जाते हैं। इसके अलावा हर रोज सैकड़ों की संख्या में भक्तजन मंदिर दर्शन करने के लिए दूर-दराज से आते हैं। शिकोहाबाद से नसीरपुर होते हुए बीच में आने वाले कई गांव के हजारों ग्रामीण इस मार्ग पर डग्गेमार वाहनों से ही सफर करते हैं। कारण है रोडवेज बसों का संचालन इस मार्ग पर न होना। शिकोहाबाद से नसीरपुर-बटेश्वर मार्ग पर इनदिनों बसों का संचालन नहीं हो रहा है। जिससे ग्रामीण परेशान हैं। विभागीय सूत्र बताते हैं कि इस मार्ग पर आठ माह पूर्व बसों का संचालन किया गया था, लेकिन बसें खाली जाती थीं। इसके चलते इस रूट पर बस का संचालन बंद कर दिया गया है।
वर्जन
पहले बसों को चलाया गया था, लेकिन पर्याप्त यात्री नहीं मिलने के कारण बसें खाली दौड़ रही थीं। इसके कारण विभाग को राजस्व की हानि हो रही थी। ऐसे में बसों का संचालन इस रूट पर बंद करना पड़ा था। हमारा प्रयास होगा कि दोबारा से सर्वे कराके बसों को संचालित करने की पहल की जाएगी।
प्रेमपाल एआरएम, शिकोहाबाद