फिरोजाबाद। थाना टूंडला क्षेत्र के हजरतपुर आर्डिनेंस फैक्टरी के सुरक्षा अधिकारी पर हमले और मारपीट के आरोप में उप प्रबंधक एवं एक कर्मचारी पर न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस ने मामला दर्ज करने के साथ जांच प्रारंभ कर दी है।
हजरतपुर स्थित आर्डिनेंस फैक्ट्री संवेदनशील परिसर है। मार्च के अंतिम सप्ताह तक तैनात रहे सुरक्षा अधिकारी पूर्व लेफ्टिनेंट कमांडर राघव शर्मा ने न्यायालय में दायर प्रार्थना पत्र में कहा था कि सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन कराने का उप प्रबंधक हिम्मत लाल कुमावत सहित कुछ कर्मचारी विरोध करते थे। 21 फरवरी को उनके विरुद्ध प्रदर्शन, घेराव और नारेबाजी कराई गई। उप प्रबंधक ने 24 से 28 फरवरी के बीच थामस एडम नाम के दक्षिण अफ्रीकी नागरिक को बिना अनुमति के गुपचुप तरीके से फैक्टरी में घुमाने का आरोप लगाया है। वह एक निजी कंपनी का अधिकारी है। 14 मार्च को फैक्ट्री के चार्जमैन रविंद्र शर्मा को एटीएस ने पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी के एजेंट को गोपनीय सूचना देने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया था। राघव शर्मा का आरोप है कि ऐसी घटनाओं का विरोध करने पर उपप्रबंधक व कर्मचारियों ने उन पर हमला किया। पुलिस की ओर से कार्रवाई न करने पर वह न्यायालय की शरण में गए। सीजेएम नरेश कुमार दिवाकर ने आठ अगस्त को थाना टूंडला पुलिस को मुकदमा दर्ज करने के आदेश दिए थे। थाना पर यह आदेश 22 अगस्त को पहुंचा था। लेकिन मुकदमा तीन सितंबर को दर्ज किया गया। इंस्पेक्टर ने बताया कि न्यायालय के आदेश पर प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है। जांच में सभी तथ्यों को देखा जाएगा। वहीं सुरक्षा अधिकारी का कहना है कि उन्हें प्राथमिकी दर्ज होने की जानकारी मिली है, लेकिन पुलिस ने उन्हें उसकी कापी नहीं दी है। मामला फैक्ट्री की सुरक्षा से जुड़ा है। ओईएफ हजरतपुर के महाप्रबंधक अमित कुमार सिंह ने कहा कि फैक्ट्री में विदेशी नागरिक को घुमाने जैसी कोई घटना नहीं हुई है। विभाग की आंतरिक जांच में आरोप गलत पाए गए हैं। पुलिस द्वारा दर्ज मुकदमें की जांच कर रही है।