फिरोजाबाद। अपर जिला जज एफटीसी द्वितीय विमल वर्मा ने थाना जसराना क्षेत्र के ग्राम जाजूमई में बिजली की केबल हटाने के विवाद में पांच साल पहले हुई हत्या के मामले के दोषी पिता खरग सिंह एवं उसके पुत्र धर्मेंद्र, दिनेश, मुकेश कुमार को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। चारों पर 32-32 हजार का अर्थदंड लगाया है। अर्थदंड अदा नहीं करने पर एक माह का अतिरिक्त कारावास भोगना होगा। धर्मेंद्र पर एक हजार अतिरिक्त अर्थदंड लगाया है।
मामला थाना जसराना क्षेत्र के गांव जाजूमई का 30 जुलाई 2020 का है। जाजूमई निवासी सबलू कुमार ने थाना जसराना में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसके गांव के निवासी खरग सिंह के घर की बिजली की केबल उसके मकान की छत के ऊपर से डाल दी थी। केबल घर वालों ने हटा दिया था। इसी बात को लेकर खरग सिंह एवं उनके पुत्रों ने देख लेने की धमकी दी थी। 30 जुलाई 2020 की शाम करीब आठ बजे उसके पिता प्रकाशचंद्र को राजीनामा के बहाने अपने घर बुलाया था। पिता के विपक्षियों के घर के सामने पहुंचते ही खरग सिंह एवं उनके तीनों पुत्र मुकेश सिंह, दिनेश कुमार एवं धमेंद्र सिंह गाली गलौज करते हुए जबरन अपने घर की ओर खींच ले गए। उन्हें घर के अंदर बेरहमी से पीटा। पिता ने बचाव को शोरगुल मचाया तो बहन राधा बचाने को दौड़ी तभी धर्मेंद्र ने गोली चला दी। यह गोली उसकी बहन राधा को लगी। वह घायल हो गई। ग्रामीणों की भीड़ एकत्रित होने पर वह खरग सिंह के घर पहुंचे तो देखा कि पिता घायलावस्था में पड़े थे। उन्हें उपचार को थाना जसराना होते हुए जिला अस्पताल ले गए तो डाक्टर ने पिता प्रकाश सिंह को मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने रिपोर्ट दर्जकर मामले की विवेचना करके आरोपपत्र न्यायालय में दाखिल किया। मामला सेशन के सुपुर्द होकर सुनवाई को अपर जिला जज एवं विशेष जज एफटीसी द्वितीय विमल वर्मा के न्यायालय में पहुंचा।
अपर जिला जज एफटीसी द्वितीय विमल वर्मा ने फाइल पर उपलब्ध साक्ष्य एवं गवाहों के बयान के आधार पर दोषी खरग सिंह एवं उसकी तीन बेटे मुकेश, धर्मेंद्र एवं दिनेश को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।