फिरोजाबाद। फरवरी के बाद मौसम में आए बदलाव के बाद आंखों में संक्रमण के मरीज बढ़ने का असर शहर के मेडिकल कॉलेज की नेत्र विभाग की ओपीडी में देखने को मिला। नेत्र विभाग में लगभग प्रति दिन आंखों के संक्रमण के 60 से 70 मरीज पहुंचे। मार्च माह के 12 दिन में दवा काउंटर से 1600 आंखों की ड्रॉप मरीजों को वितरण की गई। इधर प्राइवेट नेत्र रोग अस्पतालों में मरीजों की भीड़ लग रही है।फरवरी माह के अंतिम सप्ताह से मौसम का मिजाज पल-पल बदल रहा था। मार्च माह में यह सिलसिला बरकरार है। मौसम में हुए परिवर्तन के चलते वायरल के मरीज बढ़ गए थे। जिसमें सर्दी, जुकाम, खांसी, बुखार, त्वचा संबंधी बीमारी के अलावा आंखों में संक्रमण भी लोगों के लिए बड़ी परेशानी बढ़ा रहा है। जिसके चलते मेडिकल कॉलेज अस्पताल की ओपीडी के नेत्र विभाग में आने वाले मरीजों की संख्या बढ़ गई थी। ओपीडी में आंखों के संक्रमण के प्रति दिन 60 से 70 मरीज पहुंचे थे। मरीजों द्वारा आंखों में जलन, किरकिरना आदि की परेशानी चिकित्सक को बताई थी। इस पर चिकित्सक द्वारा मरीजों को देखकर दवा उपलब्ध कराने के साथ संक्रमण से बचाव की सलाह दी थी। एक से 12 मार्च तक मेडिकल कॉलेज के दवा काउंटर से 1600 आई ड्रॉप मरीजों को बांटी गई।
मार्च महीने में वायरल के चलते आंखों के मरीज बढ़ते है। एक से 12 मार्च तक अस्पताल के दवा काउंटर से मरीजों को 1600 आई ड्रॉप वितरण की गई।
डॉ. प्रेरणा उपाध्याय, विभाग अध्यक्ष नेत्र रोग विभाग, मेडिकल कॉलेज
इस प्रकार बरते सावधानी
बाइक या अन्य वाहन चलाते वक्त चश्मे का प्रयोग करें, बारिश के पानी में ज्यादा देर नहीं नहाएं। बाहर से आने के बाद आंखों को जरूर धोएं, आंखों में खुजली होने पर ज्यादा नहीं रगड़े, खुजली या लाली पन होने पर विशेषज्ञ से जांच कराएं।