-श्री रामलीला महोत्सव के लिए श्री राधाकृष्ण मंदिर में हुआ पात्रों का चयन
-रामलीला के समापन तक घर के सदस्यों से नहीं मिलेंगे पात्र
- कमेटी करेगी भोजन सहित सारी व्यवस्थाएं
मर्यादा पुरुषोत्तम प्रभु श्रीराम के जीवन का मंचन करने के लिए चुने गए पात्र 22 दिन तक वनवास की तरह घर से दूर रहेंगे। रामलीला के समापन तक वह न तो घर के किसी सदस्य से मिलेंगे और नहीं घर का पका हुआ भोजन खा सकेंगे। रामलीला कमेटी द्वारा पात्रों के लिए भोजन सहित सभी व्यवस्थाएं की जाएंगी।
श्री राधाकृष्ण मंदिर में शनिवार को सुबह 10 बजे रामलीला महोत्सव के लिए भगवान राम, माता जानकी, लक्ष्मण, भरत, शत्रुघ्न का अभिनय करने वाले पात्रों का चयन हुआ। रामलीला के मंचन के लिए पुराने कलाकारों के साथ कई नए कलाकार भी पहुंचे। कमेटी द्वारा सभी मापदंडों को ध्यान में रखते हुए भगवान राम के लिए मोहन पचौरी, लक्ष्मण के लिए सोनू शर्मा, जानकी के लिए सौरभ शर्मा, भरत के लिए राजा तिवारी, शत्रुघ्न के लिए चिराग दीक्षित तथा हनुमान के लिए श्याम कुमार उपाध्याय का चयन किया गया। बड़े हनुमान मंदिर के अतिथि गृह में इनका आवास बनेगा, जहां किसी का आना-जाना पूर्णतया प्रतिबंधित रहेगा। यहीं इनके खानपान व शयन की व्यवस्था रहेगी।
पात्रों का चयन पं. मुन्नालाल शास्त्री, पं. विनोद शर्मा, चयन श्रृंगार कमेटी के संयोजक नीरज चतुर्वेदी, डा. उपेंद्र कुमार शर्मा, गुड्डू मिश्रा, शुभम मिश्रा द्वारा किया गया।
सुबह उठने से रात्रि विश्राम तक निश्चित रहेगी दिनचर्या
प्रात: ब्रह्म मुर्हूत में उठकर पूजा अर्चना करेंगे। इसके उपरांत जलपान कराया जाएगा। दोपहर 12 बजे भोजन दिया जाएगा। तीन बजे तक विश्राम का समय रहेगा। तीन बजे से पात्रों का श्रृंगार शुरू होगा। शाम छह बजे से रामलीला का मंचन शुरू होगा। रात्रि 10 बजे भोजन के बाद पात्र शयन करेंगे। इन 22 दिनों में सभी पात्र पीत वस्त्र धारण करेंगे।
संगीत सुनने के शौकीन हैं मोहन
रामलीला में प्रभु श्रीराम का पात्र निभाने वाले गांव हिम्मतपुर निवासी मोहन पचौरी संगीत सुनने के शौकीन हैं। वर्तमान में वह बीएससी फाइनल कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि संगीत के अलावा धार्मिक स्थलों पर घूमने-फिरने का शौक है। श्रीराम का पात्र निभाने की बचपन से ही मेरे मन में जिज्ञासा थी।
सोनू ने पिछली साल निभाया था जानकी का पात्र
लक्ष्मण का पात्र निभाने वाले देवकी नगर निवासी सोनू शर्मा ने गत वर्ष माता जानकी का पात्र निभाया था। वे बताते हैं कि मुझे क्रिकेट खेलना, लोगों से मित्रता करना बेहद पसंद है।
हनुमान मंदिर के छोटे महंत निभाएंगे जानकी का रोल
रामलीला महोत्सव में हनुमान रोड निवासी सौरभ शर्मा का पहली बार चयन हुआ है। वे हनुमान मंदिर के छोटे महंत हैं। सौरभ का कहना है कि आध्यात्मिक व धार्मिक भजन सुनना पसंद है। मुझे अपनी बहन से जानकी का पात्र निभाने की प्रेरणा मिली।
फेसबुक, वाट्सएप के शौकीन हैं राजा
रामलीला महोत्सव में लगातार दो साल से भरत का पात्र निभा रहे मोहल्ला दुली निवासी राजा तिवारी को फेसबुक, वाट्सएप के साथ आध्यात्मिक संगीत का शौक है। वे कहते हैं कि भरत का पात्र मुझे बेहद पसंद है, क्योंकि भरत प्रभु श्रीराम को सबसे प्रिय थे।
पिछली बार चयन न होने से निराश थे चिराग
हनुमान गंज निवासी चिराग दीक्षित का पहली बार शत्रुघभन के लिए चयन हुआ है। वे कहते हैं कि रामलीला में चयन के लिए पिछली बार भी आया था, परंतु मेरी कद काठी कम होने से चयन नहीं हो सका था, जिससे मैं निराश था। इस बार चयन होने से मेरी मनोकामना पूर्ण हुई।