फिरोजाबाद। मेडिकल कॉलेज परिसर से निकलने वाले गंदे पानी और मेडिकल अपशिष्ट के निस्तारण एवं प्रबंधन पुख्ता व्यवस्था हो गई है। लगभग 5.85 लाख की लागत से ईटीपी और एसटीपी प्लांट का शुभारंभ हो गया। विधायक सदर मनीष असीजा एवं महापौर कामिनी राठौर ने शुक्रवार को दोनों प्लांट को विधिवत रूप से आम जन के सेवार्थ सुचारू कराया। कई सालों से स्वायतशासी मेडिकल कॉलेज परिसर से निकलने वाले गंदे पानी और शल्य क्रिया के दौरान निकलने वाले चिकित्सीय अपशिष्टों के प्रबंध की दरकार थी। मेडिकल कॉलेज परिसर से निकलने वाले गंदे पानी और मेडिकल अपशिष्टों के उचित प्रबंधन व निस्तारण के लिए करीब एक साल से एक सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) व एन्फ्लूयंज ट्रीटमेंट प्लांट (ईटीपी) का निर्माण सदर विधायक मनीष असीजा की पहल पर राज्य सरकार द्वारा कराया जा रहा था। दोनों प्लांटों के निर्माण का काम बीते दिनों पूरा हो गया। मेडिकल कॉलेज परिसर स्थित पोस्टमार्टम गृह के सामने बनाए ईटीपी और एसटीपी का विधिवत शुभारंभ शुक्रवार को विधायक मनीष असीजा ने किया। इस दौरान महापौर कामिनी राठौर भी मौजूद रहीं। इसके अलावा मेडिकल कॉलेज प्राचार्य बलवीर सिंह, सीएमएस डॉ. नवीन जैन,भाजपा महानगर अध्यक्ष राकेश शंखवार आदि मौजूद रहे।
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पांच हजार केएलडी की क्षमता के हैं, दोनों प्लांट
मेडिकल कॉलेज परिसर में बनाए ईटीपी और एसटीपी की कार्य क्षमता प्रतिदिन 5000 लीटर सीवर से निकलने वाला पानी व चिकित्सीय अपशिष्ट के शोधन व निस्तारण की है। खास बात यह है कि दो लाख वर्ग फुट में स्थापित अटल पार्क में अलग अलग नौ प्वाइंट बनाकर सिंचाई के काम आएगा। इससे अटल पार्क हरा भरा रह सकेगा।
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गंदगी और जलभराव से मिलेगी मुक्ति
मेडिकल कॉलेज परिसर से निकलने वाले चिकित्सीय अपशिष्ट के निस्तारण व प्रबंधन का जिम्मा अभी तक एक निजी संस्था के हवाले थे। कई बार मेडिकल कॉलेज से निकलने वाला गंदा पानी पुराने हाईवे के सर्विस रोड पर भी दिखा था, लेकिन एसटीपी सुचारू होने के बाद इस समस्या को भी निदान होगा।