फिरोजाबाद। ताज संरक्षित जोन में शामिल सुहाग नगरी को 24 घंटे बिजली देने के आदेश सिर्फ कागजों तक सिमटकर रह गए हैं। जिले में औसत 16 से 18 घंटे ही बिजली मिल रही है। आए दिन हो रहे फॉल्ट बिजली संकट बना रहता है जबकि 220 केवीए विद्युत घर आसफाबाद से 24 घंटे आपूर्ति का डाटा शासन को भेजा जाता है।
इस रिपोर्ट में बिजली घर से शहर तक आते-आते कहीं-कहां बिजली ब्रेक हो रही है इसका कोई जिक्र नहीं किया जा रहा है।
सबसे अधिक फॉल्ट ककरुऊ, रैपुरा, पुरुषोत्तम बिहार, औद्योगिक क्षेत्र, उसायनी, एसएन और रसूलपुर विद्युत उप केंद्र से जुड़े फीडरों पर हैं।
यह फीडर अक्सर चार से पांच घंटे के लिए बंद कर दिए जाते हैं। जबकि शहरी आबादी का अधिकांश क्षेत्र इन्हीं फीडरों से जुड़ा है। सुबह और शाम को की जाने वाली विद्युत कटौती से लोग पेयजल संकट का भी सामना कर रहे हैं।
इन क्षेत्रों में हुई सबसे अधिक कटौती
25 सितंबर को यूपीएसआईडीसी विद्युत उपकेंद्र करीब एक घंटा 30 मिनट बंद रहा। ककरुऊ कोठी दो घंटे, एसएन विद्युत उपकेंद्र में केबल जल जाने से जलेसर रोड और ककरुऊ कोठी क्षेत्र की सप्लाई रात के समय करीब एक घंटे बाधित रही।
26 सितंबर को सुबह करीब साढ़े पांच से साढ़े आठ बजे तक एसएन विद्युत उप केंद्र से जुड़े करीब 25 मोहल्लों में बिजली का संकट रहा। 26 सितंबर को सुबह से ही सरस्वती नगर में बिजली का संकट रहा। 27 सितंबर को औद्योगिक विद्युत उपकेंद्र की सप्लाई करीब चार घंटे बाधित रही। पुरुषोत्तम बिहार करीब एक घंटे तथा करकौली विद्युत उपकेंद्र की सप्लाई करीब एक घंटे तक बाधित रही। इसके अतिरिक्त फाल्ट होने पर शटडाउन के दौरान अलग से बिजली बंद की जाती है।
लोग बोले-महंगी बिजली फिर भी नहीं मिल रही पूरी
एक तरफ तो बिजली महंगी कर दी है फिर भी भरपूर बिेजली नहीं मिल रही। सुबह सात बजे ही काट दी जाती है। जो दस बजे आती है। शाम को छह से आठ बजे फिर कटौती कर दी जाती है। कुल मिलाकर 16 से 17 घंटे ही बिजली मिल पाती है। पानी नहीं भर पाते।
जाहिद अली (श्रमिक) - नाले की पुलिया
सुबह छह से आठ और शाम को आठ से नौ बजे तक कटौती की जाती है। दोपहर में भी करीब दो घंटे के लिए कटौती कर दी जाती है। इसका कोई समय निर्धारित नहीं है। सुबह छह से आठ की जाने वाली कटौती के कारण पानी की सप्लाई बाधित होती है। बिल बहुत आ रहे हैं।
फरहान (दुकानदार) - पुराना रसूलपुर
16 से 18 घंटे ही बिजली मिल पाती है। सबसे अधिक दिक्कत सुबह और शाम को होने वाली कटौती से होती है। जब बाजार में चहल पहल शुरू होती तब बिजली चली जाती है। जहां ग्राहक को दिक्कत होती है वहीं दुकानदारों को परेशानी। शाम की कटौती बंद होनी चाहिए।
संजीव पोरवाल (मिष्ठान) - सदर बाजार
विद्युत विभाग द्वारा स्मार्ट मीटर लगा दिए गए हैं। बिजली महंगी करने बाद भी पर्याप्त बिजली नहीं मिल पाती। फॉल्ट के नाम पर चाहे जब बिजली बंद कर दी जाती है। बिजली की स्थिति काफी खराब है।
रचना देवी (ग्रहणी) - विभव नगर
शहर को 22 घंटे बिजली दी रही है। कोई दिक्कत नहीं है। फॉल्ट होने पर पूरे शहर की नहीं संबंधित फीडर को ही बंद किया जाता है। फॉल्ट ठीक करने में समय भी लग जाता है।
अरविंद पांडेय - एक्सईएन बिजली विभाग