फिरोजाबाद। मेडिकल कॉलेज और अन्य सरकारी अस्पतालों में जल्द ही मरीजों को 80 नई जीवन रक्षक दवाएं मिलेंगी। इन दवाओं को सूची में शामिल कर लिया गया है। इस वित्त वर्ष में वितरण भी शुरू होगा। सरकारी अस्पतालों में पिछले कई सालों से करीब 280 तरह की दवाएं मरीजों को बांटी जाती हैं।
मेडिकल कॉलेज सहित अन्य सरकारी अस्पतालों में ओपीडी रोज तीन हजार के पार पहुंच रही है। बहुत सी बीमारियों की दवाएं अभी भी सरकारी अस्पतालों में आसानी से नहीं मिल पाती। कई बार मरीजों को प्राइवेट मेडिकल स्टोरों की दौड़ लगानी पड़ती है। नए वित्तीय वर्ष से इस सूची में 80 और नई दवाओं को लिस्ट में शामिल किया गया है। इनमें हृदय रोग, मानसिक रोग, त्वचारोग, आई सर्जन, जनरल सर्जन और फिजीशियन से जुड़ी दवाएं भी अब मरीजों को अस्पताल से मुफ्त मिल सकेंगी।
आरोग्य मंदिर पर भी बढ़ी दवाओं की संख्या
गांवों में खुले जन आरोग्य मंदिरों में अब आवश्यक जांचों के साथ ही कई जीवन रक्षक दवाएं उपलब्ध कराई गई हैं। इनमें पैरासिटामोल, एंटीबॉयोटिक व त्वचा रोग और दर्द निवारक ट्यूब भी शामिल हैं।
सरकारी अस्पतालों की सूची में शासन द्वारा और अधिक जीवनरक्षक दवाएं शामिल की जा रही हैं। शासन स्तर पर यह प्रक्रिया चल रही है। वर्तमान में भी अस्पतालों में दवाओं की कमी नहीं है। मरीजों को और अधिक दवाएं जल्द मिल सकेंगी। - डाॅ. पवन कुमार, एसीएमओ