पैसा नहीं बेटे के कातिलों को सजा मिले
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मैनपुरी के कोसमा में पुलिस की पिटाई से जिन दो युवकों की मौत हो गई उनके परिवार सदमे से उबर नहीं पा रहे हैं। शासन के निर्देश पर जिला प्रशासन ने मृतकों के परिवारीजनों को आर्थिक मदद देने के लिए रिपोर्ट भेज दी है लेकिन परिवारीजनों का कहना है कि उन्हें मदद नहीं न्याय चाहिए। कातिलों को फांसी होनी चाहिए।
मुकदमा दर्ज कराने वाले मृतक दिलीप के मौसेरे भाई अवनेश यादव की मानें तो शनिवार रात मैनपुरी पुलिस ने आरोपियों के रिश्तेदारों को हिरासत में लिया है। लेकिन कुछ नेताओं द्वारा हस्तक्षेप करने पर पुलिस ने उनको छोड़ दिया। वहीं पीड़ित परिवार ने मैनपुरी प्रशासन को चेतावनी दी है कि यदि आरोपियों की गिरफ्तारी जल्द नहीं होती है तो वह मंगलवार से धरना प्रदर्शन करने को बाध्य होंगे। दिलीप की मां शांतिदेवी के आंसू थम नहीं रहे। उनका कहना था कि हत्यारों को फांसी हो।
रविवार को पूर्व मंत्री एवं भाजपा नेता ठा. जयवीर सिंह समर्थकों के साथ गांव नगला नीवरी पहुंचे। उन्होंने मृतकों के परिवार को 80 लाख की सहायता और एक परिजन को सरकारी नौकरी देने की प्रशासन से मांग की है। अतुल प्रताप सिंह, पूर्व पीसीओ चेयरमैन सुल्तान सिंह, विजेंद्र सिंह ठेकेदार, ब्लाक प्रमुख करहल बिल्लू यादव आदि शामिल थे। वहीं सिरसागंज विधायक हरिओम यादव का कहना है कि पीड़ित परिवार को हर संभव मदद प्रदान की जाएगी।