फिरोजाबाद। रेलवे स्टेशन पर बुधवार रात खून से लथपथ मिली युवती के सनसनीखेज मामले में पुलिस की कार्रवाई तेज हो गई है। मेडिकल कॉलेज के ट्रॉमा सेंटर में भर्ती पीड़िता की हालत में अब काफी सुधार है और डॉक्टरों की टीम उसकी स्थिति पर नजर बनाए हुए है। वहीं जीआरपी थाने में शून्य रिपोर्ट दर्ज होने के बाद मामले की कमान संभालने वाली गाजियाबाद पुलिस की टीम अभी फिरोजाबाद में ही ठहरी हुई है। स्थानीय पुलिस के सहयोग से गाजियाबाद पुलिस की टीम आरोपियों की धरपकड़ के लिए लगातार दबिश दे रही है।
पुलिस के अनुसार, इस दुस्साहसिक वारदात को अंजाम देने का मुख्य आरोपी अभय कुमार उर्फ राजा और उसके पिता घटना के बाद से ही शंभूनगर शिकोहाबाद स्थित अपने आवास से लापता हैं। पुलिस ने आरोपियों के संभावित ठिकानों पर दबिश दी है, लेकिन दोनों का मोबाइल फोन बंद आ रहा है। ट्रॉमा सेंटर में भर्ती युवती की स्थिति में सुधार को देखते हुए पुलिस जल्द ही मजिस्ट्रेट के समक्ष उसके बयान दर्ज कराने की प्रक्रिया पूरी कर सकती है, ताकि आरोपियों के खिलाफ कानूनी शिकंजा और मजबूत किया जा सके। बता दें कि पीड़िता मूल रूप से हरदोई की है और गाजियाबाद के एक थाना क्षेत्र में किराए पर रहती थी। 8 जुलाई को वहां से उसे अभय कुमार उर्फ राजाकर ले आया था। शादी का झांसा देकर दुष्कर्म किया था। बाद में चाकू, पेचकस से गोद दिया था। अभय, बीते बुधवार की रात अपने पिता के साथ मिलकर युवती को फिरोजाबाद रेलवे स्टेशन पर फेंककर भाग गया था।